खबरे WOW: बड़ी खबर, राजस्थान में बच्चों की पढ़ाई से लेकर खाना-पीना सब कुछ फ्री, सरकार उठाएगी पूरा खर्च, पढें खबर BIG NEWS: शर्मनाक, मिन्नतों के बाद सुनी पीड़ा, मेडिकल के लिए ढाई घंटे तक खड़ी रही बलात्कार पीडि़ता, पढें खबर VIDEO: मालवा की हाईप्रोफाइल सीट के मतगणना स्‍थल पर पुलिस तैनात, एसपी राकेश कुमार सगर से खास बातचीत, ये बनाई रणनिती, देखे श्‍याम गुर्जर के साथ दीपक खताबिया की खास रिपोर्ट POLITICS: कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी को किया याद, मनाई पुण्‍यतिथि, पढें दिनेश वीरवाल की खबर VIDEO: कलेक्टर राजीव रंजन मीणा ने ली अधिकारियों की बैठक, मतगणना को लेकर क्‍या बनाया ACTION PLAN, देखे श्‍याम गुर्जर के साथ दीपक खताबिया की खास रिपोर्ट POLITICS: इन दो निर्दलीय विधायकों को कमलनाथ के मंत्रिमंडल में मिल सकती है जगह, पढें खबर JAIL: चोरी के आरोपियों भेजा जेल, एक और सर्राफा व्यापारी भी गिरफ्तार, पढें खबर BIG NEWS: मानसिक रूप से कमजोर युवक ने भभूत समझ खा ली लिया यें, हो गई मौत, पढें खबर JAIL: फोटो खिंचवानें आई महिला, फोटेग्राफर को करने लगी ब्लैकमेल, अब न्‍यायालय ने सुनाई 3 साल की सजा, पढें खबर POLITICS: आतंक विरोधी दिवस के रूप में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मनाई राजीव गांधी की पुण्यतिथि, पढें खबर OMG ! ट्रैन के कोच में आरपीएफ के जवान निकले लुटेरे, छीन लेते थे यात्रियों से पैसे, हुई कार्रवाही, पढें खबर BIG NEWS: एसडीएम को बताए बिना किया सचिव ने किया तुलावाटियों को निलंबित, पढें खबर BIG NEWS: ब्रेस्ट कैंसर सबसे बड़ा खतरा, मगर महिलाएं खुद कर सकती है जांच, पढें और जानें कैसे

ANALYSIS: अब दिग्विजय खेल पाएंगे साध्वी प्रज्ञा के खिलाफ ''सॉफ्ट हिंदुत्व'' का कार्ड, पढें खबर

Image not avalible

ANALYSIS: अब दिग्विजय खेल पाएंगे साध्वी प्रज्ञा के खिलाफ ''सॉफ्ट हिंदुत्व'' का कार्ड, पढें खबर

डेस्‍क :-

मध्य प्रदेश में 25 दिन की मशक्कत के बाद भाजपा ने भोपाल सीट से कांग्रेस उम्मीदवार दिग्विजय सिंह के खिलाफ हिंदुत्व के जाने-पहचाने चेहरे को मैदान में उतारा है. साध्वी प्रज्ञा ठाकुर मालेगांव ब्लास्ट की आरोपी रही हैं. आखिर ऐसी क्या मजबूरी थी? जो संघ-भाजपा ने अपने तमाम नेताओं और दावेदारों को दरकिनार कर साध्वी प्रज्ञा पर भरोसा जताया है. साध्वी की चुनावी एंट्री के साथ ही भाजपा की भगवा ब्रिगेड को नया मेंबर मिल गया है. जहां पहले से ही योगी आदित्यनाथ, साक्षी महाराज, साध्वी निरंजन ज्योति जैसे नेता शामिल हैं

नया कथानक मिल सकता है-

दरअसल, कहानी कुछ और भी है. संघ-भाजपा के भोपाल में दिग्विजय सिंह की उम्मीदवारी में अपने लिए सॉफ्ट टारगेट ढूंढ़ रहे हैं. दिग्विजय सिंह की मौजूदगी से किस तरह भाजपा के लिए चुनावी नेरेटिव खड़ा किया जा सके, उसकी यह कवायद है. साध्वी के बयान नए चुनावी कथानक दे सकते हैं

दिग्विजय सिंह कांग्रेस के वह खिलाड़ी हैं, जो गीली पीच पर भी बेधड़क उतरकर फ्रंटफुट खेलना जानते हैं. जिसमे खिलाड़ी कई बार कैच आउट हो जाते हैं तो कई बार क्लीन बोल्ड. लेकिन आगे बढ़कर खेलना उनकी फितरत में शुमार है. संघ-भाजपा अब साध्वी के बाउंसर्स पर दिग्विजय सिंह की बैटिंग करवाना चाहते हैं. रणनीति के तहत देखना यह है कि सिंह इससे किस तरह बच कर खेलते हैं

नजर पूरी हिंदी पट्टी पर-

संघ दिग्विजय सिंह की उम्मीदवारी को सिर्फ भोपाल तक सीमित करके नहीं देख रहा है. वह पूरे हिंदी पट्‌टी के राज्यों की 200 लोकसभा सीटों पर इसका प्रभाव डालना चाहता है. ध्यान रखने वाली बात है कि पिछले चुनाव में कांग्रेस नेता मणिशंकर अय्यर ने पीएम मोदी पर जो जातिगत बयान दे दिया था, उससे भाजपा का काम आसान हो गया था

अमित शाह की सहमति-

भाजपा पहले तो भोपाल से शिवराज सिंह या फायरब्रांड नेता उमा भारती को मैदान में लाना चाहती थी. लेकिन दोनों ही नेताओं के इंकार के बाद साध्वी प्रज्ञा ठाकुर सीधी नजर में आ गई. वे भोपाल में रहकर मीडिया में दिग्विजय सिंह के खिलाफ खुली बयानबाजी करते हुए खुद की दावेदारी को पेश कर रही थीं. बताया जाता है कि साध्वी की एकाएक हुई इस एंट्री ने भाजपा के कई दिग्गज नेताओं को निराश किया है. भोपाल के स्थानीय दावेदारों को बताया गया है कि भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की सहमति से यह फैसला हुआ है

शिवराज ने संभाली कमान-

किसी भी तरह का कोई विरोध या विद्रोह न हो इसलिए पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और संघ ने कमान संभाल ली है. साध्वी प्रज्ञा की मौजूदगी में संघ के पदाधिकारियों ने भाजपा नेताओं से बैठक की है. जिसमे उन्हें राष्ट्रहित में राजनीतिक महात्वाकांक्षा का त्याग करने का सबक बताया गया है

30 साल से भोपाल में भगवा कब्जा-

भाजपा भोपाल में पिछले तीस साल से यहां काबिज है. यहां पिछला चुनाव ही पौने चार लाख वोटों की लीड से भाजपा सांसद आलोक संजर ने यहां जीता था. पार्टी के गढ़ और नेटवर्क के कारण ही उमा भारती दावा कर रही थी कि दिग्विजय सिंह को कोई भी सामान्य कार्यकर्ता हरा सकता है. उन्हें मैदान में उतरने की जरूरत नहीं है

इधर भी त्रिपुंड उधर भी त्रिपुंड-

इन सबके बीच संघ की रणनीति सिर्फ चुनाव जीतने तक ही सीमित नहीं है. 25 लाख वोटर्स वाले भोपाल लोकसभा में 20 फीसदी मुस्लिम आबादी है. दिग्विजय सिंह चुनाव मैदान में सॉफ्ट हिंदूवादी चेहरे के साथ खुद को प्रोजक्ट कर रहे हैं. जगद्गगुरू शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद जी महाराज समेत की साधु-महंतों की मौजूदगी उनके साथ दिखाई दे रही है. माथे पर तिरपुंडी लगाकर तो कभी टीका लगाकर प्रचार करते देख यह फर्क करना मुश्किल हो रहा है कि यह बीजेपी या कांग्रेस

कुल मिलाकर अब मुकाबला भाजपा के हिंदूवाद और कांग्रेस के सॉफ्ट हिंदूवाद के बीच है. भाजपा के प्रवक्ता रजनीश अग्रवाल कहते हैं कि साध्वी प्रज्ञा भाजपा में नहीं थी लेकिन वह विद्यार्थी परिषद और संघ में सक्रिय थीं. भाजपा प्रखर राष्ट्रवाद और भगवा आतंक जैसे शब्दों के खिलाफ उनकी लड़ाई का सम्मान करता है. इसलिए उन्हें चुनाव मैदान में उतारा गया है

कांग्रेस प्रवक्ता केके मिश्रा का कहना है कि मालेगांव ब्लास्ट की आरोपी प्रज्ञा ठाकुर को उम्मीदवार बनाना बताता है कि भाजपा के पास दिग्विजय सिंह के खिलाफ कोई दावेदार नहीं बचा है. भाजपा–संघ ने जिस मानसिकता से साध्वी को मैदान में उतारा है, उनके मंसूबे पूरे नहीं होंगे


SHARE ON:-

image not found image not found

© Copyright BABJI NEWS NETWORK 2017. Design and Developed By PIONEER TECHNOPLAYERS Pvt Ltd.