खबरे OMG ! बिगड़ती कानून व्यवस्था पर MP विधानसभा में हंगामा, विपक्ष ने मांगा कमलनाथ सरकार का इस्तीफ़ा, पढें खबर NEWS: बैंक अधिकारी और कर्मचारी पर गबन का आरोप, पढें खबर BIG REPORT: कुएं में तैरती मिली युवक की लाश, ईलाकें में फैली सनसनी, पहली कोशिश में पुलिस नाकाम, दूसरी कोशिश में कुएं से बाहर निकाली लाश, पढें खबर NEWS: हत्या के विरोध में पोरवाल समाज ने दिया ज्ञापन, पढें खबर NEWS: साइकिलें भेंट कर रोपे पौधे, पढें खबर NEWS: रोग निदान शिविर आज से, पढें खबर NEWS: किसानों की समस्याओं को लेकर दिया ज्ञापन, पढें खबर NEWS: नए सदस्यों का किया स्वागत, पढें खबर BIG NEWS: चोरी की बाइक पर दूसरी बाइक के पुर्जे बेचनें जा रहे थे 2 युवक, पुलिस ने किया गिरफ्तार, जांच शुरू, पढें खबर BIG REPORT: मां-बेटे की एक ही अर्थी, दसों शवों का अंतिम संस्कार, शोक में डूबा रतलाम जिले का यह गांव, आखिरकार क्‍या हुआ था ऐसा, पढें और जानें BIG NEWS: बंबोरिया परिवार ने किये चंदादेवी के नैत्र दान, गोमाबाई नेत्रालय टीम द्वारा किया गया नैत्र उत्साहरण, पढें दिनेश वीरवाल की खास खबर WOW: आराध्या वेलफेयर सोसायटी ने किया 10 कन्याओं को जन्म देने वाली माताओं का सम्मान, पढें खबर OMG ! ज्योतिरादित्य सिंधिया के महल में चाय पर चर्चा, बीजेपी ने कहा, ये क्या हो रहा है, पढें खबर BIG NEWS: राशमी पुलिस को मिली बडीं सफलता, 15 दिन पूर्व हुई लूट का किया खुलासा, 1 आरोपी गिरफ्तार, जांच अब भी जारी, पढें खबर OMG ! रतलाम में युवतीं के ऊपर केमिकल अटैक, जिला अस्पताल में कराया भर्ती, पुलिस ने किया प्रकरण दर्ज, आरोपियों की तलाश शुरू, पढें खबर

HEALTH: हर साल 52 हजार Plastic कण निगलते हैं हम

Image not avalible

HEALTH: हर साल 52 हजार Plastic कण निगलते हैं हम

डेस्‍क :-

प्लास्टिक वेस्ट किस तरह हमारी सेहत को सीधे तौर पर नुकसान पहुंचा रहा है इसका एक आकलन सामने आया है। बुधवार को सामने आए एक नए विश्लेषण में कहा गया है कि हर साल भोजन और सांस के जरिए हजारों माइक्रोप्लास्टिक कण मानव शरीर के अंदर प्रवेश कर जाते हैं। इस रिपोर्ट के साथ ही यह सवाल फिर से पैदा हो गया है कि प्लास्टिक वेस्ट हमारे लिए कितना नुकसानदेह है। 

मानव निर्मित उत्पादों से टूटकर बनते हैं माइक्रोप्लास्टिक कण 
माइक्रोप्लास्टिक, प्लास्टिक के महीन कण होते हैं जो मानव निर्मित उत्पादों जैसे सिंथेटिक कपड़ों, टायर और कॉन्टैक्ट लेंस आदि से टूट कर बनते हैं। माइक्रोप्लास्टिक पृथ्वी पर हर जगह मिलने वाली सामग्रियों में से एक है। वे दुनिया के सबसे ऊंचे कुछ ग्लेशियरों और सबसे गहरी समुद्री खाइयों की सतह पर भी पाए जाते हैं। पिछले कई अध्ययनों से स्पष्ट हुआ है कि कैसे माइक्रोप्लास्टिक मानव की खाद्य श्रृंखला में शामिल हो सकता है। पिछले साल सामने आए एक अध्ययन के अनुसार लगभग सभी प्रमुख बोतलबंद पानी ब्रांडों के नमूनों में भी माइक्रोप्लास्टिक पाया गया था। 

प्रदूषित हवा को भी शामिल कर लें तो आंकड़ा 1 लाख 21 हजार प्लास्टिक कण 
इस शोध में कनाडा के वैज्ञानिकों ने माइक्रोप्लास्टिक contamination पर सैकड़ों आंकड़ों का विश्लेषण किया और उनकी तुलना अमेरिकी लोगों के आहार और उपभोग की आदतों से की। उन्होंने पाया कि हर साल एक वयस्क पुरुष 52 हजार माइक्रोप्लास्टिक कणों को निगल सकता है। जिस प्रदूषित वातावरण में हम सांस लेते हैं अगर उसे भी इसमें शामिल कर लिया जाए तो यह आंकड़ा बढ़कर 1 लाख 21 हजार कणों तक पहुंच जाएगा, जो हर दिन 320 प्लास्टिक पार्टिकल्स के बराबर है। 

सिर्फ बॉटल वाला पानी पीने वालों में अतिरिक्त 90 हजार माइक्रोप्लास्टिक कण 
इन्वायरनमेंटल साइंस ऐंड टेक्नॉलजी नाम के जर्नल में प्रकाशित इस स्टडी के नतीजे बताते हैं कि अगर कोई व्यक्ति सिर्फ बॉटल वाला पानी ही पिए तो उसके शरीर में हर साल अतिरिक्त 90 हजार माइक्रोप्लास्टिक के कण पहुंचने लगेंगे। स्टडी के ऑथर ने बताया कि उनके आंकड़े सिर्फ एक अनुमान है। कोई व्यक्ति कितने प्लास्टिक का सेवन करता है यह पूरी तरह से इस बात पर निर्भर करता है कि वह कहां रहता है और क्या खाता है। 

 

सेहत पर क्या और कैसा असर पड़ता है, इसकी फिलहाल जानकारी नहीं 
इन माइक्रोप्लास्टिक के कणों का इंसान के शरीर और सेहत पर क्या असर पड़ता है इस बारे में भी अभी कोई निश्चित जानकारी सामने नहीं आयी है। लेकिन इतना जरूर है कि 130 माइक्रोमीटर से छोटे माइक्रोप्लास्टिक के कण इंसान के टिशू में जाकर इम्यूनिटी को प्रभावित करने की क्षमता रखते हैं। हालांकि अभी इस बात के पुख्ता सबूत नहीं मिले हैं कि स्टडी में जिन माइक्रोप्लास्टिक के कणों की बात की जा रही है वे इंसान की सेहत के लिए कितने खतरनाक हैं। 

 


SHARE ON:-

image not found image not found

© Copyright BABJI NEWS NETWORK 2017. Design and Developed By PIONEER TECHNOPLAYERS Pvt Ltd.