देवास। एक जिला एक उत्पाद’’ अंतर्गत विकासखंड स्तरीय कार्यशाला का आयोजन जनपद पंचायत सभाकक्ष टोंकखुर्द में किया गया। कार्यशाला में उप संचालक कृषि आर.पी. कनेरिया ने किसान भाईयों को बांस रोपण करने, नरवाई न जलाने, फसल विविधीकरण को अपनाने, एक फसल पर निर्भर ना रहते हुए कई फसलों को अपने खेत में लगाने संबंधी जानकारी दी। कृषि वानिकी पर चर्चा करते हुए बताया कि अपने खेतों पर कटंगा प्रजाति के बांस लगाए। जिससे की किसानों की आय में वृद्धि हो सके। परियोजना संचालक (आत्मा) में किसानों को प्राकृतिक खेती के संबध में जानकारी दी।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत टोंकखुर्द ने किसानों को मछली पालन के संबंध में जानकारी दी। आर्टीशन एग्रोटेक के प्रदीप खरे ने कटंगा बांस की उत्पादन तकनीक पर जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि कटंगा बांस की खेती नदी नाले के किनारे, हल्की एवं पड़त भूमि पर की जा सकती है। एक एकड़ में 20 की दूरी पर 110 पौधे को लगाया जाता है। जिसमे शुरू के 3 वर्षो में अंतर्वती खेती की जा सकती है। आर्टीशन एग्रोटेक किसानों का 40 वर्षो का अनुबंध करती है। जिससे 2550 रूपये टन की दर से हरा बांस खरीदा जाता है।
कार्यशाला में उप संचालक कृषि आर.पी. कनेरिया, परियोजना संचालक (आत्मा) नीलम चौहान, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत टोंकखुर्द चरत शिवहरे, अनुविभागीय कृषि अधिकारी आर.के. द्वेदी, आर्टिशन एग्रीटेक देवास से दीपक खरे, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी टोंकखुर्द पी.एस.यादव, उद्यानिकी विकास अधिकारी एम.एस. दोहरे, भक्त राज पवांर, कार्तिकेय मंडलोई सहित विकासखंड टोंकखुर्द के किसान उपस्थित थे। कार्यक्रम में आभार प्रदर्शन वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी पी.एस. यादव द्वारा किया गया।