नीमच। जिले में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर नियंत्रण और मुख्य मार्गों को अधिक सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास ने स्टेट हाईवे-31 सहित विभिन्न खतरनाक मोड़ों एवं ब्लैक स्पॉट्स का निरीक्षण कराया। निरीक्षण के बाद दुर्घटना संभावित स्थानों का विश्लेषण कर आवश्यक सुरक्षा सुधार के निर्देश दिए गए।
रविवार को एसपी व्यास के निर्देश पर यातायात थाना प्रभारी एवं संबंधित विभागों के अधिकारियों ने चिन्हित स्थलों का संयुक्त निरीक्षण किया। इस दौरान पुराने ब्लैक स्पॉट्स की समीक्षा के साथ नए दुर्घटना संभावित क्षेत्रों को भी चिन्हित किया गया।
जावद, भड़भड़िया सहित कई फंटों पर होंगे सुधार
सड़क हादसों को रोकने के लिए जावद फंटा, भड़भड़िया फंटा, मालखेड़ा फंटा, जेतपुरा फंटा एवं भाटखेड़ा फंटा पर बने स्पीड ब्रेकरों को अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही इन चौराहों एवं तिराहों को सुव्यवस्थित एवं सुरक्षित स्वरूप देने की योजना बनाई गई है, ताकि वाहन चालकों को आवागमन में किसी प्रकार की असुविधा या भ्रम की स्थिति न बने।
इसके अतिरिक्त चल्दू ग्राम कट ऑफ पॉइंट एवं सकरग्राम पुलिया मोड़ पर वाहन गति नियंत्रित करने के लिए विशेष सुरक्षा उपाय लागू किए जाएंगे।
रात के हादसे रोकने के लिए लगेंगी हाईमास्ट लाइटें
हर्कियाखाल फंटा एवं भंवरासा फंटा क्षेत्र में रात्रिकालीन दुर्घटनाओं को रोकने के लिए पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। यहां जल्द ही हाईमास्ट लाइटें लगाई जाएंगी तथा नए स्पीड ब्रेकर भी बनाए जाएंगे।
पुलिस अधीक्षक ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि ब्लैक स्पॉट्स पर सड़क इंजीनियरिंग सुधार, सांकेतिक बोर्ड, प्रकाश व्यवस्था एवं गति नियंत्रण संबंधी कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण किए जाएं।
निरीक्षण के दौरान एमपीआरडीसी के एजीएम राहुल बड़ड़े, टोल कंपनी के जीएम प्रभुलाल मेघवाल तथा यातायात थाना प्रभारी सोनू बड़गुर्जर उपस्थित रहे।