गुना। कांग्रेस को गुरुवार को एक और झटका लगा है। नगरपालिका के पूर्व उपाध्यक्ष कांग्रेस छोड़ भाजपा में शामिल हो गए। जल संसाधन म तरी तुलसी सिलावट के समक्ष वह भाजपा में शामिल हुए। तुलसी सिलावट ने भाजपा का दुपट्टा पहनाकर उन्हें पार्टी में शामिल किया।
बता दें कि पिछले दिनों ही कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष मान सिंह परसौदा ने भी कांग्रेस छोड़ दी थी। वह ज्योतिरादित्य सिंधिया के समक्ष भाजपा में शामिल हुए थे। उनके साथ कई और कार्यकर्ता भी भाजपा में शामिल हुए थे। पिछले कई दिनों से कांग्रेसियों का भाजपा में शामिल होना लगातार जारी है। अब मोहन रजक ने भी कांग्रेस को अलविदा कह दिया।
मोहन रजक सिंधिया समर्थक माने जाते थे। हालांकि, वह सिंधिया के भाजपा में आने के बाद कांग्रेस में ही बने रहे। 2023 के विधानसभा चुनाव में वह गुना सीट से दावेदारी कर रहे थे। सूत्र बताते हैं कि कांग्रेस नेताओं ने भी उनसे टिकट का वादा किया था। हालांकि, चुनाव में कांग्रेस ने पंकज कनेरिया को अपना प्रत्याशी बनाया। मोहन रजक ने बाकी अन्य नेताओं के साथ जयवर्धन सिंह के सामने पंकज कनेरिया को प्रत्याशी घोषित करने पर आपत्ति भी दर्ज कराई थी। तभी से ही मोहन रजक नाराज चल रहे थे। हालांकि, उनकी नाराजगी कभी खुलकर सामने नहीं आयी। गुरुवार को उन्होंने कांग्रेस छोड़ भाजपा की सदस्यता ले ली। जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट ने उन्हें भाजपा की सदस्यता दिलाई और पार्टी में उनका स्वागत किया। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र सिकरवार सहित अन्य नेता मौजूद रहे।