BREAKING NEWS
विदिशा के बरखेड़ा जागीर में रविदासिया धर्म.. <<     BIG VIDEO: MP में खेलों को लेकर CM मोहन यादव का बड़ा.. <<     KHABAR : शिक्षा की चमक से रोशन हुआ समाज, वैष्णव.. <<     BIG NEWS : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने.. <<     बारिश के बीच झाबुआ में गूंजा देशभक्ति का.. <<     महेश्वर में स्वतंत्रता दिवस समारोह के मंच पर.. <<     BIG NEWS : मानसून ने बदली चाल, नीमच-मंदसौर में थमी.. <<     NEWS : बिरला कॉरपोरेशन लिमिटेड में हर्षाेल्लास.. <<     खंडवा में दशोरा नागर समाज महिला मंडल ने.. <<     NEWS : चित्तौड़गढ़ में 17 अगस्त को निकलेगी महासंगम.. <<     VIDEO NEWS: कंधों पर कांवड़, दिल में भोलेनाथ… ‘हर-हर.. <<     खरगोन के देवली गांव में 5 दिन से कुएं में फंसा.. <<     उद्योग मेले में ₹4.50 करोड़ से ज्यादा के निवेश.. <<     KHABAR : शाजापुर जिले के पोलायकलां से निकली भव्य.. <<     NEWS : राजस्व मंत्री हेमंत मीणा ने संजीवनी सेवा.. <<     NEWS : श्री काला बावजी कालभैरव स्थल बोजुन्दा में.. <<     KHABAR : अच्छी बारिश की कामना को लेकर देवरी खवासा.. <<     KHABAR : प्रेस क्लब मनासा के वार्षिक चुनाव संपन्न,.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
July 9, 2025, 3:27 pm
KHABAR : एमपी में स्वास्थ्य विभाग के साथ प्रैंकरू ग्रामीणों ने झूठी सूचना देकर बुलाया, नाला पार कर गांव पहुंची टीम, तब पता चली हकीकत, पढे़ खबर 

Share On:-

सिवनी। मध्य प्रदेश के सिवनी जिले के एक गांव में झूठी सूचना देकर स्वास्थ्य विभाग की टीम को बुलाया गया। जब स्वास्थ्य विभाग की टीम नाला पार कर गांव पहुंची तो पता चला कि ग्रामीणों ने उनके साथ प्रैंक किया है। आइए जानते है आखिर वजह क्या है३


सिवनी के घंसौर ब्लॉक के सालीवाड़ा गांव में ग्रामीणों ने जिला प्रशासन को सड़क और नाले की बदहाल स्थिति से अवगत कराने के लिए एक अलग ही तरीका अपनाया। बारिश के चलते गांव का कच्चा पहुंच मार्ग और अधूरा नाला बाढ़ की चपेट में है। ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग को गांव में एक गर्भवती महिला के प्रसव होने की झूठी सूचना दी। जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम एंबुलेंस के साथ मौके पर पहुंची, लेकिन टीम बाढ़ग्रस्त नाले के कारण गांव तक नहीं जा सकी।


पैदल नाला पार कर गांव पहुंची टीम
टीम ने फोन कर प्रसूता को नाले के इस ओर लाने को कहा, तो ग्रामीणों ने बताया गया कि महिला की डिलीवरी नहीं होना है, बल्कि एक किशोरी और एक महिला की तबीयत खराब है और उन्हें इलाज की जरूरत है। लेकिन वह नाला पार कर एंबुलेंस तक नहीं आ सकते। फिर अगले दिन जब नाले का जलस्तर कम हुआ, तब टीम पैदल नाला पार कर गांव पहुंची। गांव पहुंचने पर टीम को पता चला कि ये सब एक प्रैंक था।


ये रही वजह
दरअसल, ग्रामीणों ने यह सब कुछ जिला प्रशासन को गांव की समस्याओं की जमीनी हकीकत दिखाने के लिए किया। ग्रामीणों ने यह कदम इसलिए उठाया, ताकि स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से जिला प्रशासन को गांव की गंभीर समस्याओं की जानकारी सीधे और प्रभावी तरीके से दी जा सके। फिलहाल स्वास्थ्य विभाग ने ग्रामीणों की मंशा और उनकी समस्याओं को समझते हुए इस प्रैंक पर कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की है।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE