NEWS : गो सम्मान आह्वान अभियान की विशाल यात्रा, गौहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध और गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा देने की उठी मांग, पढे़ रेखा खाबिया की खबर

July 27, 2026, 6:09 pm




चित्तौड़गढ़। गो सम्मान आह्वान अभियान के तहत सोमवार को चित्तौड़गढ़ में विशाल जनजागरण यात्रा और पदयात्रा का आयोजन किया गया। अभियान से जुड़े गोभक्तों ने गौहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने तथा गौ माता को राष्ट्रमाता का संवैधानिक दर्जा देने की मांग को लेकर जिला प्रशासन के माध्यम से ज्ञापन सौंपा। इस दौरान अभियान के समर्थन में 7 लाख से अधिक हस्ताक्षर भी सरकार को भेजने की बात कही गई। जिला संयोजक गौरव सोमानी ने बताया कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों से करीब 15 से 20 हजार गोभक्त इंदिरा गांधी स्टेडियम में एकत्रित हुए। कार्यक्रम में वैदिक परंपरा के अनुसार बड़ी संख्या में संत-महात्माओं और बटुकों की गरिमामयी उपस्थिति रही। जोगणिया माता ट्रस्ट, अलख वेद गुरुकुल (राशमी), कल्लाजी वेद पीठ और मूंगाना धाम सहित विभिन्न संस्थाओं के बटुकों एवं आचार्यों ने सहभागिता की। सुबह 8 बजे से 10 बजे तक विजय मंत्र का सामूहिक जाप किया गया। गायत्री शक्तिपीठ के कार्यकर्ताओं ने भी आयोजन में सहयोग किया। कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. सुशीला लड्ढा द्वारा गो वंदना से हुई। इसके बाद संतों ने अपने आशीर्वचन देते हुए गौ संरक्षण और भारतीय संस्कृति के महत्व पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का संचालन डॉ. सुशीला लड्ढा, डॉ. रेनू सोमानी और लीला खंगाल ने किया। पदयात्रा से पहले जिला संयोजक गौरव सोमानी ने सभी उपस्थित गोभक्तों को गौ रक्षा और गौ सम्मान का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि अभियान लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से तब तक जारी रहेगा, जब तक गौ माता को राष्ट्रमाता का सम्मान नहीं मिल जाता। कार्यक्रम में संत दिग्विजयराम जी महाराज, अनुज दास जी महाराज, आचार्य सुदर्शनाचार्य महाराज, आचार्य गो हितेश, आचार्य नारायण लाल शर्मा, संत राधेश्याम सुखवाल, कैलाश मूंदड़ा और आचार्य कर्मवीर सहित जिलेभर के अनेक संत-महात्माओं ने सहभागिता कर गौ संरक्षण का संदेश दिया। कार्यक्रम का एक भावनात्मक क्षण तब आया, जब मंच पर संतों का सम्मान करने का प्रयास किया गया। संतों ने व्यक्तिगत सम्मान स्वीकार करने से विनम्रतापूर्वक इनकार करते हुए कहा कि जब तक गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा और उचित सम्मान नहीं मिलता, तब तक वे अपना व्यक्तिगत सम्मान स्वीकार नहीं करेंगे। संतों के इस संकल्प से पूरा वातावरण गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा दो के नारों से गूंज उठा। कार्यक्रम के समापन पर हजारों गोभक्तों ने शांतिपूर्ण पदयात्रा निकालकर जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा और अपनी मांगों से अवगत कराया। इसके बाद सामूहिक भोजन के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।

संबंधित समाचार

VOICE OF MP