हरदा। प्रदेश में चल रही लाड़ली बहना योजना का लाभ अब तक करीब सवा करोड़ से अधिक महिलाओं को मिल चुका है। तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की चलाई इस योजना का फायदा प्रदेश की हर वर्ग की महिला को दिया जा रहा है।
लेकिन हरदा जिले के खिरकिया ब्लॉक की जामुखों पंचायत में रहने वाली कई महिलाएं आज भी इस योजना के लाभ से वंचित है। मंगलवार को हरदा जिले के वार्ड- 9 की जिला पंचायत सदस्य तारा सत्यनारायण सुचार के साथ गांव की दर्जनों महिलाएं जिला पंचायत पहुचीं।
जयस के कार्यवाहक जिलाध्यक्ष सत्यनारायण सुचार ने बताया कि ग्राम पंचायत जमुखों के रोजगार सहायक व सचिव की लापरवाही के चलते गांव की सैकड़ों पात्र महिलाओं को शासन की लाड़ली बहना योजना का लाभ नहीं मिल पाया है, जो बीते एक साल से योजना के अंतर्गत लगने वाले दस्तावेज लेकर भटक रही है।
उन्होंने बताया कि पंचायत के कर्मचारियों ने गांव की महिलाओं के फॉर्म भी जमा नहीं कराए गए है। जिसके चलते गांव की अशिक्षित महिलाओं को योजना के शुरू होने के बाद से लेकर अब तक लाभ नहीं मिल पाया है।
गांव की पार्वती बाई ने कहा कि जब हमने सारे दस्तावेज रोजगार सहायक व सचिव को दिए गए तो उन्होंने इस योजना की तारीख खत्म होने की बात बताई। उनका कहा है कि गांव में रहने वाली करीब 10 प्रतिशत महिलाओं को ही इस योजना का लाभ मिल रहा है। शेष 90 प्रतिशत पात्र महिलाएं लाड़ली बहना योजना के लाभ से वंचित है।
ग्रामीण महिलाओं ने इस मामले में दोषी कर्मचारियों पर कार्रवाई करने की मांग की है। इस मामले को लेकर परियोजना अधिकारी अंशु तिवारी ने कहा कि उन्हें महिलाओं की शिकायत मिली है। वह संबंधित कर्मचारी से बात कर देखती हूं कि किस कारण से इन महिलाओं को लाड़ली बहना योजना का लाभ नहीं मिल पाया है। गांव की महिलाओं ने कलेक्टर से पात्र महिलाओं को योजना का लाभ दिलाए जाने की मांग की है।