इंदौर। कानूनी पुस्तकों के प्रख्यात लेखक, प्रकाशक एवं कविश्रेष्ठ योगेश जिंदल के सरल हिंदी भाषा के विशिष्ट काव्यग्रंथ ’बरसै अमृत - बरसै प्यार’ का विमोचन एवं लोकार्पण इंदौर के एक भवन में किया गया। इसमें अनेक साहित्यिकार, कवि-कवियित्रियों और गणमान्य नागरिक उपस्थित हुए। विमोचन कार्यक्रम मुख्य अतिथि राष्ट्रीय कवि सत्यनारायण सत्तन, विशिष्ट अतिथि अंतरराष्ट्रीय कवि राजीव शर्मा एवं सांसद शंकर लालवानी व रोटरी काव्यमंच के अध्यक्ष बनवारीलाल जाजोदिया, मनपसंद काव्यमंच संस्थापक सदस्य जनार्दन शर्मा द्वारा किया गया।
इस काव्य ग्रंथ में 500 से अधिक काव्य रचनाएं बारह भागों में दी गई हैं। 528 पृष्ठों का यह काव्य ग्रंथ दो खंडों में प्रकाशित किया गया है। इसका प्राक्कथन कवि श्रेष्ठ सत्यनारायण सत्तन ने लिखा है। मुख्य समीक्षाकार अंतरराष्ट्रीय कवि राजीव शर्मा हैं और ग्यारह अन्य साहित्यिकारों ने भी अपनी विशिष्ट समीक्षाएं एवं आशीर्वचन पुस्तक में दिए हैं। मंचासीन अतिथियों ने पुस्तक की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए इसे एक अमूल्य, अनुपम एवं पठनीय ग्रंथ बताया है।
इस कार्यक्रम की आयोजनकर्ता पुस्तक के प्रकाशन संस्थान राजकमल पब्लिकेशंस व जिंदल इंटरप्राइजेज की प्रोपराइटर इंदिरादेवी जिंदल पूर्ण जिंदल परिवार के सदस्यों के साथ वहां मौजूद रहीं। कार्यक्रम के शुभारंभ पर सरस्वती वंदना एवं गणेश वंदना राजेश जिंदल और अमृता मानके ने प्रस्तुत की। कार्यक्रम का संचालन राजकुमार हाड़ा ने किया। अतिथियों का स्वागत उमेश, विश्वास एवं विजयेश जिंदल ने किया। उपसंहार व आभार उद्बोधन योगेश जिंदल ने माना। कार्यक्रम अंत में समीक्षाकारों व अतिथियों को स्मृति चिह्न प्रदान करके सम्मानित किया गया।