मंदसौर। मप्र शासन एवं पुलिस मुख्यालय भोपाल मप्र द्वारा महिलाओं एवं बच्चों के विरूद्ध होने वाले अपराधों में शीघ्र एवं प्रभावी कार्यवाही करने हेतु निर्देश प्रसारित किये गये है जिसके अनुक्रम में पुराने एवं नवीन अपहरण के अपराधों में विशेष कार्ययोजना निर्मित कर अपहृत बालक एवं बालिकाओं के प्रकरणों में शीघ्र बरामदगी हेतू भी निर्देशित किया गया है। उक्त निर्देशों के अनुपालन हेतू जिला पुलिस अधीक्षक मंदसौर अनुराग सुजानिया द्वारा जिले में कई वर्षों से लंबित अपहृत नाबालिग बालक एवं बालिकाओं की बरामदगी हेतु समस्त राजपत्रित अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों को निर्देशित किया है जिसका जिला स्तरीय पर्यवेक्षण अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मंदसौर गौतम सोलंकी द्वारा किया जा रहा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार दिनांक 30.05.2024 को सूचनाकर्ता निवासी पामाखेडा थाना नारायणगढ़ द्वारा इस आशय की सूचना दी थी कि उसकी नाबालिग लडकी दिनांक 29.05.23 के 12 बजे से लापता है, जिस पर से थाना नारायणगढ़ पर गुमशुदगी दर्ज कर अप०कं0 126/24 धारा 363 भादवि का पंजीबद्ध किया गया था। अपराध की विवेचना चौकी प्रभारी उनि मनोज गर्ग द्वारा की जा रही थी। अनुसंधान में अपहृता की पतारसी हेतु अनुविभागीय अधिकारी पुलिस मल्हारगढ नरेन्द्र सोलंकी के निर्देशन में, थाना प्रभारी नारायणगढ़ निरीक्षक अनिल रघुवंशी के नेतृत्व में चौकी प्रभारी झार्डा उनि मनोज गर्ग एवं चौकी स्टाफ की टीम द्वारा अपहृता के संबंध में जानकारी एकत्रित की गई साथ ही तकनीकी साक्ष्य एकत्रण सायबर सेल मंदसौर द्वारा किया गया। अनुसंधान में आये गये तथ्यों एवं तकनीकी जानकारियों के आधार पर नाबालिग बालिका को सांडीखेडा फंटा थाना छोटी सादडी जिला प्रतापगढ राजस्थान से बरामद किया गया। प्रकरण में अनुसंधान जारी है।
सराहनीय कार्य टीम-
निरीक्षक अनिल रघुवंशी थाना प्रभारी नारायणगढ, उनि मनोज गर्ग चौकी प्रभारी झार्डा, सउनि नानूराम जोशी, प्रआर आशीष बैरागी सायबर सेल, कार्य. प्रआर 684 महेश शर्मा, कार्य, आरक्षक 200 विनीत घारू, म.आर 247 नीलू पाटीदार थाना नारायणगढ जिला मंदसौर मप्र।