नीमच। मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) की राज्य सेवा एवं राज्य वन सेवा प्रारंभिक परीक्षा कल 26 अप्रैल 2026 को दो सत्रों में आयोजित की जाएगी। पहला सत्र प्रातः 10 से 12 बजे तक एवं दूसरा सत्र दोपहर 2.15 से 4.15 बजे तक रहेगा।
जिले में परीक्षा शासकीय पीजी कॉलेज, नीमच एवं शासकीय उत्कृष्ट उच्च माध्यमिक विद्यालय, नीमच में आयोजित की जाएगी। परीक्षा को लेकर सभी आवश्यक प्रशासनिक तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं।
कलेक्टर हिमांशु चंद्रा एवं आयोग के संभागीय पर्यवेक्षक (ऑब्जर्वर) आशुतोष अवस्थी ने दोनों परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि महिला एवं पुरुष अभ्यर्थियों के प्रवेश की अलग-अलग व्यवस्था सुनिश्चित की जाए तथा प्रवेश स्थल पर जांच और मोबाइल आदि रखने की उचित व्यवस्था की जाए।
पर्यवेक्षक अवस्थी ने परीक्षा कक्षों की संख्या, बैठक व्यवस्था, सीसीटीवी निगरानी, कंट्रोल रूम एवं पेयजल सुविधाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने वॉशरूम की साफ-सफाई और पर्याप्त पानी की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
जिला परीक्षा नोडल अधिकारी चंद्रसिंह धार्वे ने बताया कि पीजी कॉलेज में 450 एवं उत्कृष्ट विद्यालय में 432, कुल 882 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल होंगे। परीक्षा के सुचारू संचालन के लिए दो उड़न दस्ते गठित किए गए हैं।
प्रथम उड़न दस्ते में डिप्टी कलेक्टर श्रुति भयडिया एवं तहसीलदार संतोष कुमार, जबकि द्वितीय उड़न दस्ते में तहसीलदार नवीन गर्ग एवं डॉ. अजेन्द्र नाथ प्रजापति को शामिल किया गया है। केंद्र प्रभारी के रूप में प्राचार्य प्रशांत मिश्रा एवं अनिल व्यास नियुक्त किए गए हैं।
परीक्षा केंद्रों पर बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण, लाइव सीसीटीवी निगरानी तथा एचएचएमडी के माध्यम से तलाशी की व्यवस्था की गई है। तीन-स्तरीय सुरक्षा एवं फ्रिस्किंग प्रक्रिया लागू रहेगी। अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र पर 90 मिनट पूर्व पहुंचना अनिवार्य होगा।
अनुमत वस्तुएं-
ई-प्रवेश पत्र, वैध पहचान पत्र, स्याही पेन, स्वयं का फोटो, पारदर्शी पानी की बोतल एवं दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए आवश्यक सामग्री।
वर्जित वस्तुएं-
मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, पेन ड्राइव, कैलकुलेटर, ब्लूटूथ, घड़ी (डिजिटल/स्मार्ट/एनालॉग), बैग, पठन सामग्री, पेंसिल, रबर, व्हाइटनर, स्केल आदि। इसके अलावा बेल्ट, चश्मा, पर्स, टोपी, धातु के आभूषण, जूते-मोजे सहित अन्य वस्तुओं के साथ प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। धार्मिक प्रतीकों जैसे हिजाब, पगड़ी, कलावा आदि की जांच सम्मानजनक तरीके से की जाएगी। महिला अभ्यर्थियों की तलाशी महिला कर्मचारी द्वारा गरिमा के साथ की जाएगी।