भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार की आज कैबिनेट बैठक होगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में सुबह 11ः15 बजे मंत्रालय में यह बैठक होगी। जीआईएस को लेकर कैबिनेट की बैठक में 8 नई पॉलिसी को मंजूरी मिल सकती है। इन्वेस्टमेंट प्रमोशन पॉलिसी, एक जिला एक उत्पाद की नई पॉलिसी, पर्यटन और फिल्म टूरिज्म की नई पॉलिसी, मल्टी स्टोरी एरिया देने के लिए पॉलिसी, एमएसएमई मैं स्टाफ की ट्रेनिंग पर 15 हजार तक का इंसेंटिव, ब्रांडिंग और पेटेंट के लिए सब्सिडी समेत कई नई पॉलिसी को कैबिनेट में चर्चा के बाद मंजूरी मिल सकती है।
भोपाल को जीआईएस से पहले सुंदर बनाएगा नगर निगम
ग्लोबल इन्वेस्टर समिट के लिए शासन के साथ अब निगम ने भी अपनी ओर से शहर को सुंदर बनाने की तैयारियां शुरू कर दी है। बड़ा तालाब पर 5 साल पहले 6 करोड़ रुपए की लगत से बना म्यूजिकल फाउंटेन फिर शुरू किया जाएगा। म्यूजिकल फाउंटेन के साथ इसमें लेजर और ड्रोन शो भी रहेगा। विदेशी मेहमानों के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगा म्यूजिकल फाउंटेन। 15 या 16 फरवरी से म्यूजिकल फाउंटेन शुरू हो सकता है।
जीतू पटवारी का अनूपपुर दौरा
पीसीसी चीफ जीतू पटवारी आज से 3 दिवसीय अनूपपुर दौरे पर रहेंगे। बताया जा रहा है कि उनका यह दौरा संगठन को मजबूत करने के लिए है। वे 11 फरवरी को सुबह 5ः30 बजे भोपाल से निकलकर शाहपुरा (डिंडौरी) पहुंचेंगे। इसके बाद डिंडौरी में कार्यकर्ता बैठक के बाद रात को अमरकंटक पहुंचेंगे।
पहली बार फ्लैटेड इंडस्ट्री एरिया की रखी जाएगी नींव
प्रदेश में पहली बार फ्लैटेड इंडस्ट्री एरिया की नींव रखी जाएगी। छोटे उद्योगों के लिए मल्टी स्टोरी में इंडस्ट्री चलाने के लिए यहां जगह दी जाएगी। 16 फरवरी को मंडीदीप में मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव इसका भूमिपूजन करेंगे। 30.89 एकड़ में इंडस्ट्री एरिया डेवलप किया जा रहा है। 6 मंजिला पर कई यूनिट के लिए जगह दी जाएगी। 768 उद्योग एक साथ संचालित हो सकेंगे। हैवी लिफ्ट के माध्यम से वाहन इंडस्ट्री यूनिट तक पहुंच सकेंगे। जीआईएस से पहले सरकार का यह बड़ा कदम है।
जनजातीय साहित्य महोत्सव 11 और 12 फरवरी को
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मानव संग्रहालय 11 और 12 फरवरी को जनजातीय साहित्य महोत्सव का आयोजन करने जा रहा है। इस विशेष महोत्सव में देशभर से आदिवासी विद्वान, लेखक एवं शोधकर्ता भाग लेंगे। चार से अधिक सत्रों में विभिन्न विषयों पर परिचर्चा करेंगे एवं अपने शोधपत्र प्रस्तुत करेंगे। इसके अतिरिक्त महोत्सव के प्रमुख आकर्षण सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। महोत्सव में जनजातीय संस्कृति के रंगों से सराबोर लोक नृत्य और गीतों की विशेष प्रस्तुतियां होंगी। राजस्थानी लोक नृत्य दल कालबेलिया, चकरी जैसे प्रसिद्ध राजस्थानी नृत्य एवं लोकगीत प्रस्तुत करेगा। बुंदेली लोक नृत्य दल (छतरपुर) बुंदेली लोकगीत एवं नृत्य प्रस्तुत करेंगे।