मुरैना। जिले में यातायात नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। शहर में ई-रिक्शा, बेतरतीब पार्किंग और बिना अनुमति निकलने वाली रैलियों के कारण आए दिन जाम की स्थिति बन रही है, लेकिन यातायात पुलिस और प्रशासन मूकदर्शक बने हुए हैं।
शहर के कई प्रमुख चौराहों पर यातायात पुलिस द्वारा पॉइंट तो लगाए गए हैं, लेकिन इसके बावजूद जाम की समस्या जस की तस बनी हुई है। हालात ऐसे हो गए हैं कि कोई भी व्यक्ति मनमर्जी से सड़क जाम कर देता है और उस पर कोई कार्रवाई नहीं होती।
आए दिन बिना अनुमति रैलियां निकाली जा रही हैं, जिनके कारण पीछे लंबा जाम लग जाता है। ताजा मामला एक रैली का है, जिसमें मुरैना के कुछ यूट्यूबर गाड़ियों के ऊपर बैठकर और डांस करते हुए नजर आए। कई वाहन तेज साउंड सिस्टम के साथ चल रहे थे और यातायात नियमों की सरेआम धज्जियां उड़ाई जा रही थीं। हैरानी की बात यह रही कि रैली के आगे पुलिस की गाड़ी मौजूद थी, बावजूद इसके नियम तोड़ने वालों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। लाल बत्ती होने के बावजूद वाहन सिग्नल पार करते रहे, लेकिन पुलिस और यातायात विभाग ने आंखें मूंदे रखीं।
इन हालातों से ऐसा प्रतीत होता है कि मुरैना में पुलिस और प्रशासन की पकड़ पूरी तरह ढीली पड़ चुकी है। आम जनता में रोष है और लोगों की मांग है कि नियम तोड़ने वालों पर तत्काल सख्त कार्रवाई की जाए तथा मुरैना की यातायात व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए। हर बार सड़क सुरक्षा को लेकर बैठकें होती हैं और नियम बनाए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर उनका पालन न होना यातायात विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है।