मंदसौर। मंदसौर विधायक विपिन जैन के भाई नितिन जैन के खिलाफ अनुसूचित जाति-जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम (SC-ST एक्ट) सहित संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। दलौदा की सरपंच दुर्गा कैथवास ने आरोप लगाया है कि आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) की कार्रवाई के बाद नितिन जैन और उनके साथियों ने उनके तथा उनके पति अनिल कैथवास के साथ जातिसूचक गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पंचायत के बाहर गाली-गलौज करने का आरोप
सरपंच दुर्गा कैथवास की शिकायत के अनुसार, 28 सितंबर को शाम करीब 6 बजे पंचायत के बाहर नितिन जैन ने कथित तौर पर उन्हें ‘सरपंच चोर है’ कहकर संबोधित किया और गाली-गलौज की। आरोप है कि इस दौरान नितिन जैन और उनके साथ मौजूद अन्य लोगों ने सरपंच तथा उनके पति को जातिसूचक गालियां दीं और जान से मारने की धमकी दी।
शिकायत में बताया गया कि मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने बीच-बचाव किया। इसके बाद सरपंच ने पुलिस थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने नितिन जैन और अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
EOW की कार्रवाई के बाद वायरल हुआ था वीडियो-
दरअसल, 28 सितंबर को आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW), उज्जैन की टीम ने दलौदा में रिश्वत लेने के आरोप में सरपंच दुर्गा कैथवास और उनके पति अनिल कैथवास को पकड़ा था। अनिल कैथवास पंचायत में सरपंच प्रतिनिधि हैं। कार्रवाई के दौरान नितिन जैन द्वारा सरपंच को ‘चोर’ कहकर नारेबाजी करने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इसी घटनाक्रम के बाद सरपंच ने नितिन जैन और अन्य लोगों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
यह है EOW की कार्रवाई का मामला-
EOW के अनुसार, सीतामऊ तहसील के मुवाला निवासी विक्रम सिंह ने शिकायत की थी कि उनके पिता तखत सिंह ने दलौदा पंचायत क्षेत्र में एक भूखंड खरीदा था। भूखंड के नामांतरण के बाद निर्माण अनुमति से संबंधित पंचायत प्रमाण पत्र बैंक से ऋण लेने के लिए आवश्यक था।
शिकायत में आरोप लगाया गया था कि प्रमाण पत्र जारी करने के बदले 5 हजार रुपये की रिश्वत मांगी गई। सत्यापन के दौरान रिश्वत की राशि 4 हजार रुपये तय हुई थी, जिसमें से 500 रुपये पहले दिए जा चुके थे। EOW के मुताबिक, शेष 3,500 रुपये लेते समय टीम ने सरपंच और उनके पति को पकड़ लिया था। मामले में अब सरपंच की शिकायत पर नितिन जैन और अन्य लोगों के खिलाफ दर्ज FIR की जांच जारी है।