मंदसौर। 5 म.प्र. बटालियन एनसीसी, मंदसौर द्वारा आयोजित दस दिवसीय वार्षिक प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ 8 जून से हुआ, जो 17 जून तक चलेगा। इस शिविर में मंदसौर और नीमच जिले के विभिन्न विद्यालयों एवं महाविद्यालयों के एनसीसी कैडेट्स भाग ले रहे हैं।
यह शिविर केवल एक सैन्य प्रशिक्षण कार्यक्रम न होकर युवाओं के व्यक्तित्व निर्माण, नेतृत्व विकास और सामाजिक उत्तरदायित्व को जागृत करने का एक समग्र प्रयास है। शिविर की शुरुआत उत्साह एवं अनुशासन के साथ हुई, जिसमें कैडेट्स ने एकता, सेवा भावना और राष्ट्रभक्ति का परिचय दिया।
शिविर में कैडेट्स को हथियार संचालन, नक्शा पठन, फिजिकल ट्रेनिंग, ग्रुप एक्टिविटी और फील्ड क्राफ्ट जैसे सैनिक विषयों के साथ-साथ आपदा प्रबंधन, साइबर सुरक्षा, करियर मार्गदर्शन, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता जैसे महत्वपूर्ण जीवनोपयोगी विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
यह शिविर राष्ट्रभक्ति के साथ हरियाली और स्वास्थ्य का संगम भी है। प्रत्येक कैडेट को एक पौधा लगाने और उसकी देखरेख की जिम्मेदारी दी गई है। साथ ही जल संरक्षण, प्लास्टिक उन्मूलन और स्वच्छता जैसे महत्वपूर्ण सामाजिक विषयों पर विशेष जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं।
कमान अधिकारी ने जानकारी देते हुए कहा, एनसीसी केवल परेड और अनुशासन ही नहीं सिखाती, यह राष्ट्र निर्माण की नींव है। आज के कैडेट्स कल के सैन्य अधिकारी, वैज्ञानिक, शिक्षक, प्रशासक और समाज सुधारक बनेंगे। उन्होंने यह भी कहा, “हर एनसीसी कैडेट में देशसेवा का जज्बा होता है। वे संकट की घड़ी में न केवल सैनिकों का साथ देने को तैयार रहते हैं, बल्कि आम नागरिकों की सहायता के लिए भी सदैव तत्पर रहते हैं। वे समाज के लिए प्रेरणा हैं।
शिविर में सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से राष्ट्रीय एकता, सामाजिक समरसता और विविधता में एकता जैसे मूल्यों का संदेश दिया जा रहा है। साथ ही कैडेट्स को समाज के कमजोर वर्गों की सेवा हेतु भी प्रेरित किया जा रहा है।
यह वार्षिक शिविर युवा पीढ़ी में अनुशासन, समर्पण, नेतृत्व और पर्यावरणीय जिम्मेदारी जैसे मूल्यों को सशक्त रूप से विकसित करने का एक प्रभावशाली मंच बनकर सामने आया है। शिविर के दौरान प्रदेश के विभिन्न गणमान्य व्यक्तियों से कैडेट्स की संवाद श्रृंखला भी आयोजित की जा रही है, जिससे उन्हें जीवन के विभिन्न क्षेत्रों की प्रेरक जानकारियाँ प्राप्त हो रही हैं।