गुना। कांग्रेस पार्षद दल ने शुक्रवार को बिजली कंपनी परिसर में स्मार्ट मीटर के विरोध में प्रदर्शन किया। पार्षदों ने बिजली कंपनी अधिकारियों से स्मार्ट मीटर लगाने की जरूरत के बारे में पूछा, लेकिन उन्हें कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिला।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस ने आरोप लगाया कि जैसे पहले ईस्ट इंडिया कंपनी के जरिए अंग्रेजों ने देश को लूटा था, वैसे ही अब केंद्र सरकार बड़ी कंपनियों के माध्यम से आम जनता को परेशान कर रही है।
अधिकारियों के पास नहीं था जवाब
नगरपालिका में विपक्ष के नेता शेखर वशिष्ठ के नेतृत्व में कांग्रेस पार्षद हनुमान चौराहे पर इकट्ठा हुए। बारिश के बीच नारे लगाते हुए सभी रेलवे स्टेशन रोड स्थित बिजली कंपनी कार्यालय पहुंचे।पार्षदों ने बिजली कंपनी को पत्र देकर पूछा कि पुराने मीटर में क्या खराबी है, जिसके कारण उन्हें बदला जा रहा है।
साथ ही उन्होंने स्मार्ट मीटर लगाने की जरूरत के बारे में भी जानना चाहा। वशिष्ठ ने बताया कि बिजली कंपनी के बड़े अधिकारियों के पास इन सवालों का कोई जवाब नहीं था।
स्मार्ट मीटर से बढ़े बिजली बिल
कांग्रेस ने बिजली कंपनी के अधिकारियों को बताया कि जहां स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं, वहां बिजली की खपत तेजी से बढ़ गई है और लोगों को बड़े-बड़े बिल आ रहे हैं। जिन इलाकों में अभी स्मार्ट मीटर नहीं लगे हैं, वहां के लोग भी डरे हुए हैं।
कांग्रेसियों ने कहा कि वह इस मुद्दे पर चुप नहीं बैठेंगे। अगर स्मार्ट मीटर लगाने का फैसला वापस नहीं लिया गया तो पार्टी बड़ा आंदोलन करेगी। इसकी जिम्मेदारी भाजपा सरकार और बिजली कंपनी की होगी।
वशिष्ठ बोले- जनता के साथ खड़ी रहेगी कांग्रेस
नेता प्रतिपक्ष शेखर वशिष्ठ ने कहा कि तेज बारिश के बावजूद कांग्रेस पार्षदों ने बिजली कंपनी परिसर में प्रदर्शन किया। उन्होंने जनता को आश्वासन दिया कि विपक्षी पार्टी उनके साथ है और भाजपा सरकार को जनता के हित के खिलाफ कोई कदम नहीं उठाने दिया जाएगा।
यह रहे उपस्थित
ज्ञापन देने वालों में शेखर वशिष्ठ के अलावा रश्मि रजनीश शर्मा, कृष्णा अरविंद जाटव, रामवीर जाटव, तरन्नुम रईस खान, रामकली विजय कुशवाह, गीता नरेंद्र कुशवाह, तरुण सेन, हलीम गाजी, महेश कुशवाह और वीरेंद्र शर्मा सहित बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद थे।