बड़वानी। जिला मुख्यालय के पास नर्मदा नदी का पुराना घाट, पुराना पुल और नया घाट इन दिनों 131 मीटर बैकवाटर जलमग्न हो गया है। इससे श्रद्धालु और भक्त अब रोहिणी तीर्थ तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। वे पुराने फिल्टर प्लांट से ही दर्शन-पूजन कर रहे हैं।
राजघाट के पास जागीरदारपुरा टापू क्षेत्र में आश्रम-मंदिर के पास एक नया घाट आकार ले रहा है। कुछ दिन पहले जब बैकवाटर का स्तर 133.50 मीटर तक पहुंच गया था। उस समय घाट निर्माण का काम रोकना पड़ा था।
अब पानी घटकर 131 मीटर पर आ गया है, जिससे निर्माण कार्य फिर शुरू हो गया है। इसके बाद नींव भरने का काम पूरा होने के बाद अब पेड़ी (सीढ़ी) बनाने का काम शुरू हो गया है।
नवीन घाट से हर मौसम में दर्शन संभव
जागीरदारपुरा नवीन घाट निर्माण समिति के अध्यक्ष अजयसिंह ठाकुर ने बताया कि इस नवीन घाट के बनने से श्रद्धालु बैकवाटर के ऊंचे स्तर पर भी रोहिणी तीर्थ तक पहुंच सकेंगे। वे नर्मदा में स्नान, दर्शन-पूजन और स्नान का लाभ ले सकेंगे।
जनसहयोग से हो रहा निर्माण
श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए जागीरदारपुरा में नवीन घाट का निर्माण जनसहयोग से बनाया जा रहा है। अजयसिंह ठाकुर ने नर्मदा भक्तों और समाज के गणमान्य लोगों से अपील की है कि वे इस घाट के निर्माण में तन, मन और धन से सहयोग करें।