चित्तौड़गढ़। मेवाड़ के प्रसिद्ध कृष्णधाम श्री सांवलियाजी मंदिर में शुक्रवार को चतुर्दशी के अवसर पर परंपरा के अनुसार सांवलिया सेठ का भंडार खोला गया। राजभोग आरती के बाद शुरू हुई गिनती के पहले राउंड में ही 9 करोड़ 35 लाख 65 हजार 100 रुपए की नकद दानराशि सामने आई। हालांकि, यह भंडार की कुल दानराशि नहीं है। अभी नकदी की गिनती के साथ सोने-चांदी के चढ़ावे और अन्य माध्यमों से प्राप्त दान का हिसाब होना बाकी है।
मंदिर प्रशासन के अनुसार, भंडार की दूसरे राउंड की गिनती 12 अक्टूबर को होगी। इसके बाद सोने-चांदी के चढ़ावे, भेंट कक्ष में जमा राशि और ऑनलाइन माध्यम से प्राप्त दान का हिसाब भी जोड़ा जाएगा। सभी मदों की गणना पूरी होने के बाद ही इस बार की कुल दानराशि घोषित की जाएगी।
राजभोग आरती के बाद शुरू हुई गिनती-
शुक्रवार को राजभोग आरती संपन्न होने के बाद मंदिर की परंपरा के अनुसार भंडार खोला गया। इसके बाद उसमें से निकली नकदी को अलग-अलग छांटकर गिनती की प्रक्रिया शुरू की गई। पूरे दिन चली इस प्रक्रिया के बाद पहले राउंड में 9 करोड़ 35 लाख 65 हजार 100 रुपए की नकद दानराशि की गिनती पूरी हुई।
भंडार में अभी भी काफी नकदी शेष है, जिसकी गिनती आगामी राउंड में की जाएगी। ऐसे में फिलहाल सामने आया आंकड़ा केवल पहले राउंड की नकद राशि का है। दूसरे राउंड की गिनती 12 अक्टूबर को की जाएगी।
सोने-चांदी के चढ़ावे की अंतिम दिन होगी तौल-
भंडार से निकली नकदी के साथ श्रद्धालुओं की ओर से अर्पित सोने-चांदी के आभूषण और अन्य चढ़ावों को भी अलग कर सुरक्षित रखा गया है। इनकी तौल अभी नहीं की गई है। मंदिर प्रशासन के अनुसार, सोने-चांदी की तौल अंतिम दिन होगी।
इसके अलावा भेंट कक्ष में जमा नकदी और ऑनलाइन माध्यम से प्राप्त दान की गणना भी अंतिम दिन की जाएगी। इन सभी मदों की राशि को जोड़ने के बाद ही भंडार की कुल दानराशि का अंतिम आंकड़ा सामने आएगा।
अंतिम आंकड़े पर श्रद्धालुओं की नजर-
श्री सांवलियाजी मंदिर में हर महीने खुलने वाले भंडार की गिनती को लेकर श्रद्धालुओं और आम लोगों में उत्सुकता रहती है। इस बार भी पहले राउंड में करोड़ों रुपए की नकद दानराशि सामने आने के बाद अब दूसरे राउंड की गिनती और अंतिम आंकड़े का इंतजार है।
देशभर से श्रद्धालु सांवलिया सेठ के दरबार में पहुंचकर अपनी श्रद्धा अर्पित करते हैं। भंडार की गिनती पूरी होने के बाद ही इस बार श्रद्धालुओं की ओर से अर्पित कुल दानराशि की तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।