नीमच। देश की 550 से अधिक रियासतों को एक सूत्र में पिरोकर अखंड भारत की नींव मजबूत करने वाले लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर नीमच में राष्ट्रीय एकता का शानदार नजारा देखने को मिला। राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर 350 एनसीसी कैडेट्स ने यूनिटी मार्च निकालकर देश की एकता और अखंडता का संदेश दिया। कैडेट्स ने मानव श्रृंखला बनाकर राष्ट्र की एकता बनाए रखने का संकल्प भी लिया।
कन्या महाविद्यालय से सरदार पटेल की प्रतिमा तक निकला मार्च
यूनिटी मार्च की शुरुआत श्री सीताराम जाजू शासकीय कन्या महाविद्यालय से हुई। मार्च सीआरपीएफ रोड स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा तक पहुंचा। यहां कैडेट्स और अधिकारियों ने प्रतिमा पर माल्यार्पण कर लौह पुरुष को नमन किया तथा राष्ट्रीय एकता की शपथ ली।
इस आयोजन में नीमच, मनासा और जावद क्षेत्र के एनसीसी कैडेट्स ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। पूरे कार्यक्रम में देश की एकता, अखंडता और आपसी सद्भाव बनाए रखने का संदेश प्रमुखता से दिया गया।
जाति, धर्म और भाषा से ऊपर उठकर एकजुट हों युवा रू लेफ्टिनेंट कर्नल अक्षत बक्शी
5 एमपी एनसीसी बटालियन के लेफ्टिनेंट कर्नल अक्षत बक्शी ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल ने विभिन्न रियासतों को एकजुट कर संगठित भारत के निर्माण में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। आज के युवाओं की जिम्मेदारी है कि वे जाति, धर्म और भाषा के नाम पर बंटने के बजाय एकजुट रहें और विकसित भारत के निर्माण में अपना योगदान दें।
सरदार पटेल के विचारों को आत्मसात करने का आह्वान
कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने भी सरदार वल्लभभाई पटेल के विचारों को जीवन में अपनाने और समाज के साथ राष्ट्र को मजबूत बनाने का आह्वान किया। वहीं, पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास ने कहा कि राष्ट्रीय एकता दिवस केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि देश की एकता, अखंडता और सद्भाव बनाए रखने की जिम्मेदारी का स्मरण कराने वाला अवसर है।
350 एनसीसी कैडेट्स का यह यूनिटी मार्च संदेश दे गया कि भारत की असली ताकत उसकी विविधता में एकता और नागरिकों की एकजुटता में है।