भोपाल। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सरकार पर निशाना साधा हैं, कहा कि भाजपा सरकार गूंगी और बहरी हो चुकी है। जिसे गरीब जनता और आदिवासियों की आवाज नहीं सुनाई देती। यह सरकार सिर्फ उद्योगपति और पूंजीपतियों की आवाज सुनती हैं।
सिंघार ने कहा कि अडानी को कोल ब्लाक, सड़क के ठेके, कभी बंदरगाह और कभी सोलर बिजली के ठेके मिल रहे हैं। सिर्फ एक चीज नहीं मिली है, वह प्रधानमंत्री की कुर्सी है। अगर उनके बस की होती तो उस पर भी बैठ जाते। देश के अंदर एक नई शुरुआत हुई है, यहां के मुख्यमंत्री की क्या बात करें।
सिंघार ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर लिखा
बीजेपी के लोग डबल इंजन की सरकार कहते हैं पर यहां की सरकार दिल्ली से चलती है। मुख्यमंत्री उज्जैन से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं। बंधा के लोगों को चार गुना मुआवजा मिलना चाहिए जो नहीं मिल रहा है। इसकी आवाज सड़क से सदन तक उठाई जाएगी।
झूठे केस बनाए जाने की पूरी रिपोर्ट निकालकर देंगे।। उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार का एक इंजन नकली है, जो सिर्फ दिल्ली के आदेशों पर चलता है और जनता की समस्याओं को नज़र अंदाज़ किया जा रहा हैं। उन्होंने ट्वीट में कहा कि हमारी मांग है कि यहां के गरीब आदिवासी और किसानों को पूरा मुआवजा मिलना चाहिए। सिंघार ने कहा कि मैं सरकार से परेशान लोगों की आवाज को विधानसभा तक लेकर जाऊंगा। यह संघर्ष तब तक जारी रहेगा, जब तक गांव वालों को न्याय नहीं मिलता।
नाम मात्र दे रहे मुआवजा, झूठे केस में फंसा रहें
सिंघार ने ट्वीट में लिखा है कि ग्राम बंधा सिंगरौली पहुंचकर देखा कि बिरला कंपनी द्वारा चलाई जा रही कोल माइंस के मालिक और बीजेपी की सत्ता मिलकर मासूम ग्रामीणों की ज़मीन का जबरन अधिग्रहण कर रहे हैं। जिन जमीनों की कीमत मुआवजे से कई गुना अधिक है, वहां के लोगों को नाम मात्र की राशि देकर उनका हक छीना जा रहा हैं।
बंधा ग्राम के निवासियों को खुलेआम प्रशासन का सहारा लेकर झूठे केस में फंसाने और जेल भेजने की धमकी दी जा रही हैं। ताकि लोग डरकर यहां से भाग जाएं लेकिन हम इन भ्रष्ट सत्ताधीशों और व्यापारियों को ये साफ-साफ बताना चाहते हैं कि हम इन भोले-भाले आदिवासियों और ग्रामीणों के साथ खड़े हैं और किसी भी कीमत पर इस अन्याय को सहन नहीं करेंगे। न्याय मिलने तक हमारी लड़ाई जारी रहेगी और यह लड़ाई सड़कों से लेकर सदन तक जाएगी।
जेपी पावर्स लिमिटेड के विरुद्ध शिकायत
इसके पहले एक अन्य ट्वीट सिंघार ने सिंगरौली जिले के मझौली गांव को लेकर किया है। सिंघार ने लिखा कि ग्राम मझौली (सिंगरौली) में जेपी पॉवर्स लिमिटेड द्वारा चलाए जा रहे कोल माइंस से विस्थापित ग्रामीणों से मिलकर उनका दुख और दर्द सुनकर दिल बेहद व्यथित है।
यहां के भोले-भाले किसानों और ग्रामीणों की ज़मीनों का जबरिया अधिग्रहण किया गया हैं, मुआवजे के नाम पर उन्हें ठगा जा रहा हैं। बीजेपी सरकार और व्यापारी मिलकर इन मासूमों के हक को छीनने का काम कर रहे हैं। यह अन्याय और शोषण सहन नहीं किया जाएगा।