भोपाल/दतिया। मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव के लिए सियासी विसात बिछ चुकी है। नामांकन के अंतिम दिन कांग्रेस के अधिकृत प्रत्याशी कुंवर घनश्याम सिंह ने न्यू कलेक्ट्रेट पहुंचकर अपना चुनावी नामांकन पत्र जमा कर दिया है। इस दौरान कांग्रेस ने न सिर्फ अपनी एकजुटता दिखाई, बल्कि ‘मीनाक्षी नटराजन मामले’ से सबक लेते हुए बेहद सतर्कता बरती और मुख्य प्रत्याशी के साथ-साथ दो डमी उम्मीदवारों के भी फॉर्म दाखिल करवाए हैं, ताकि किसी भी तकनीकी गड़बड़ी या सियासी उलटफेर की गुंजाइश न रहे।
दिग्गज नेताओं की मौजूदगी में बजा चुनाव का बिगुल
घनश्याम सिंह के नामांकन के दौरान कांग्रेस के शीर्ष नेताओं का जमावड़ा देखने को मिला। उनके साथ मध्य प्रदेश विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, भांडेर विधायक फूल सिंह बरैया, पूर्व मंत्री पी.सी. शर्मा, अशोक सिंह और पूर्व विधायक राजेंद्र भारती मुख्य रूप से मौजूद रहे। इसके अलावा, नामांकन प्रक्रिया में समाजवादी पार्टी (सपा) के कार्यकर्ता भी शामिल हुए, जो इस उपचुनाव में कांग्रेस को अपना खुला समर्थन देते नजर आए।
नरोत्तम मिश्रा का दर्द मुख्यमंत्री नहीं बांट रहे
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा, “हर चुनाव चुनौतीपूर्ण होता है, लेकिन कांग्रेस इस चुनाव को मजबूती से जीतेगी।” भाजपा नेता नरोत्तम मिश्रा का टिकट कटने पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि नरोत्तम मिश्रा का दर्द वर्तमान मुख्यमंत्री भी नहीं बांट रहे हैं। पूर्व विधायक राजेंद्र भारती ने ‘थंब्स-अप’ (जीत का इशारा) दिखाते हुए दावा किया कि जिस तरह 2023 में कांग्रेस ने जीत दर्ज की थी, उसी तरह 2026 के इस उपचुनाव में भी कांग्रेस ही परचम लहराएगी। उन्होंने कहा कि नरोत्तम मिश्रा का टिकट कटने से जनता और कांग्रेस दोनों खुश हैं।
25 हजार वोटों से जीतेंगे
कांग्रेस प्रत्याशी कुंअर घनश्याम सिंह ने कहा, “चुनाव का बिगुल बज चुका है और आज नामांकन दाखिल कर दिया गया है। अब कांग्रेस पूरी ताकत (पूरे डैम) के साथ मैदान में उतरेगी। दतिया में पिछले कुछ समय में जो डर और खराब वातावरण बना था, अब उसे सही करने का समय आ गया है। हम यह चुनाव 25,000 से अधिक वोटों के अंतर से जीतेंगे।”
‘रिवेंज पॉलिटिक्स’ का बदला लेगी जनता: जीतू पटवारी
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी भी इस नामांकन प्रक्रिया में शामिल होने दतिया पहुंचे। उन्होंने भाजपा सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा, “दतिया की इस पवित्र भूमि से बदलाव की शुरुआत हो चुकी है। भारतीय जनता पार्टी की हठधर्मिता, अराजकता, लचर कानून व्यवस्था और ‘रिवेंज की पॉलिटिक्स’ (बदले की राजनीति) को दतिया और पूरे मध्य प्रदेश की जनता ने लंबे समय तक भोगा है। अब दतिया की जनता को वोट की चोट से इसका बदला लेने का सही मौका मिला है।” पटवारी ने भी दावा किया कि कांग्रेस यहाँ भाजपा को 25 हजार से ज्यादा मतों से शिकस्त देगी।