उज्जैन। सिंहस्थ मेला अधिकारी आशीष सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार दोपहर सिंहस्थ मेला कार्यालय के सभागृह में पर्यवेक्षण समिति की षष्ठम बैठक में अनुशंसा के लिए प्रस्तुत करने सिंहस्थ 2028 के नवीन प्रस्तावित कार्यों पर चर्चा कर पर्यवेक्षण समिति के समक्ष प्रस्तुत करने के लिए कार्यों की अनुशंसा की गई। बैठक में कलेक्टर रौशन कुमार सिंह, नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्रेयांस कूमट, यूडीए सीईओ संदीप सोनी, स्मार्ट सिटी सीईओ संदीप शिवा, ज्वाइंट कलेक्टर संदीप सिंह और संबंधित विभागों के सभी अधिकारी उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशानुसार बैठक में मेला अधिकारी सिंह और कलेक्टर सिंह ने सिंहस्थ आयोजन के विभिन्न आयामों पर चर्चा कर आवश्यकता अनुसार अन्य कार्यों की कार्ययोजना शीघ्र बनाकर तैयार कर शासन के समक्ष प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। बैठक में सिंहस्थ मेला अधिकारी सिंह ने सभी प्रगतिरत कार्यों को समय सीमा में गुणवत्तायुक्त और मापदंडों के अनुसार पूर्ण करने के निर्देश संबंधित विभागों के अधिकारियों को दिए।
बैठक में उज्जैन जिले में हरसिद्धि एवं भूखी माता मंदिरों का एकीकृत विकास कार्य, शनि मंदिर का जीर्णाेद्धार एवं विकास कार्य, नारायण धाम का जीर्णाेद्धार एवं विकास कार्य, सांदीपनि आश्रम, सिद्धवट घाट, गढ़कालिका मंदिर परिसर, चिंतामण गणेश मंदिर, मंगलनाथ मंदिर, 84 महादेव मंदिरों और कालभैरव मंदिर के उन्नयन और विकास के कार्यों की कार्ययोजना की अनुशंसा की गई।
बैठक में खंडवा जिले में ओंकारेश्वर मंदिर परिसर का विकास कार्य, खरगोन जिले में महेश्वर स्थित जालेश्वर महादेव, कालेश्वर महादेव और चिंतामणि गणेश मंदिर के कार्य की अनुशंसा की गई। बैठक में देवास जिले में देवी लोक निर्माण कार्य, नीमच जिले में भादवा माता मंदिर परिसर विकास कार्य की अनुशंसा भी की गई।