नीमच। जिले में सड़क दुर्घटनाओं एवं उनसे होने वाली मौतों की संख्या कम करने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास के निर्देशन में जीवन संजीवनी अभियान शुरू किया गया है। अभियान के तहत चिन्हित दुर्घटना संभावित स्थलों पर आमजन को सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) एवं प्राथमिक उपचार का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
नीमच जिले में वर्ष 2023 में 359 सड़क दुर्घटनाओं में 101 लोगों की मृत्यु हुई थी, जबकि वर्ष 2024 में 368 दुर्घटनाओं में 120 तथा वर्ष 2025 में 321 दुर्घटनाओं में 117 लोगों की जान गई। इन आंकड़ों को देखते हुए पुलिस विभाग ने दुर्घटनाओं को कम करने और घायल व्यक्तियों को समय पर प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराने की दिशा में यह पहल शुरू की है।
अभियान के तहत जिले के 22 चिन्हित हॉटस्पॉट क्षेत्रों में आसपास रहने वाले 50-50 लोगों को विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा सीपीआर और प्राथमिक उपचार का प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि दुर्घटना की स्थिति में घायल व्यक्तियों को तत्काल सहायता मिल सके और उनकी जान बचाई जा सके।
इसी क्रम में 12 जून को थाना नीमच सिटी क्षेत्र के जवासा हॉटस्पॉट पर प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। चिकित्सा विशेषज्ञ डॉ. सतीश चौधरी एवं नर्सिंग ऑफिसर जाहिद अली ने उपस्थित लोगों को दुर्घटना के दौरान प्राथमिक उपचार एवं सीपीआर देने का लाइव प्रशिक्षण दिया।
कार्यक्रम में नगर पुलिस अधीक्षक किरण चौहान, थाना प्रभारी लक्ष्मण सिंह, यातायात प्रभारी सोनू बड़गुजर, डीएमआर पुष्पेंद्र कारपेंटर सहित बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास ने नागरिकों से अपील की है कि वे जीवन संजीवनी अभियान से जुड़कर सड़क दुर्घटनाओं में घायल व्यक्तियों की मदद करें और सड़क सुरक्षा मित्र बनकर मानव जीवन बचाने में योगदान दें।