खरगोन। भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार सपत्नीक मध्य प्रदेश के ऐतिहासिक और धार्मिक पर्यटन स्थल महेश्वर पहुंचे। इस दौरान उन्होंने नर्मदा तट, बाणेश्वर मंदिर, अहिल्या किला और प्रतिमा के दर्शन कर पूजा-अर्चना की तथा माल्यार्पण किया।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने नर्मदा नदी में नौका विहार का अनुभव साझा करते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति की इस धरोहर को देखकर गर्व और आत्मिक आनंद की अनुभूति होती है। उन्होंने महेश्वर की ऐतिहासिक विरासत और सांस्कृतिक महत्व की सराहना की।
उन्होंने महेश्वरी साड़ियों की बुनाई पर कहा कि यह भारतीय परंपरा और हस्तशिल्प की उत्कृष्ट मिसाल है, जो प्राचीन काल से चली आ रही कला को आज भी जीवंत बनाए हुए है। अहिल्या किले की नक्काशी को देखकर उन्होंने कारीगरों की कला की प्रशंसा की और कहा कि पत्थरों पर उकेरी गई यह नक्काशी अद्भुत है, जिसे बुनकर महेश्वरी साड़ियों में रंग और धागों के माध्यम से जीवंत कर रहे हैं।
इस अवसर पर उन्होंने कारीगरों को नमन करते हुए कहा कि इनकी कला पर पूरे देश को गर्व है। अपने दौरे के दौरान उन्होंने पत्नी के साथ अहिल्या किला और नर्मदा घाट का अवलोकन किया तथा फोटो सेशन भी कराया। उन्होंने महेश्वर को एक अत्यंत सुंदर और मनोरम पर्यटन स्थल बताया।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त का यह दौरा पूरी तरह सांस्कृतिक और पर्यटन अनुभव से जुड़ा रहा, जिसमें उन्होंने महेश्वर की ऐतिहासिक धरोहरों को करीब से देखा और सराहा।