इंदौर। मध्य प्रदेश की राजनीति में मंगलवार से शिक्षा और युवाओं के मुद्दे पर नया सियासी अभियान शुरू हो गया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने इंदौर के आरएनटी मार्ग से भोपाल तक दो दिवसीय साइक्लोथॉन यात्रा की शुरुआत की। सैकड़ों कार्यकर्ताओं, छात्रों और साइकिल सवारों के साथ रवाना हुए पटवारी ने यात्रा शुरू करने से पहले भाजपा सरकार पर शिक्षा व्यवस्था, पेपर लीक, भर्ती घोटालों और बेरोजगारी को लेकर तीखा हमला बोला। पटवारी ने कहा कि यह यात्रा किसी राजनीतिक लाभ के लिए नहीं, बल्कि प्रदेश के छात्रों और देश के भविष्य को बचाने का संकल्प है। उनका कहना था कि 25 साल की भाजपा सरकार में मध्य प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था लगातार बदहाल हुई है और युवा अपने भविष्य को लेकर असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
‘पेपर माफिया का नाम आता है तो बीजेपी के लोग ही क्यों सामने आते हैं?’
मीडिया से चर्चा में जीतू पटवारी ने भाजपा सरकार पर सीधा निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश में बार-बार पेपर लीक, परीक्षा घोटाले और भर्ती में धांधली सामने आती है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब भी शिक्षा माफिया या पेपर माफिया की बात होती है तो भाजपा से जुड़े लोगों के नाम ही क्यों सामने आते हैं? उन्होंने कहा कि यह सवाल अब पूरे प्रदेश के युवाओं का है और सरकार को इसका जवाब देना चाहिए।
‘यह चुनावी नहीं, छात्रों के स्वाभिमान की यात्रा’
पटवारी ने कहा कि यह साइक्लोथॉन किसी चुनावी अभियान का हिस्सा नहीं है, बल्कि छात्रों के सम्मान और उनके अधिकारों की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि शिक्षा किसी अमीर वर्ग की जागीर नहीं हो सकती। हर बच्चे को समान और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलना उसका संवैधानिक अधिकार है।उन्होंने कहा कि आज हालात ऐसे बन गए हैं कि जिसके पास पैसा है, वही अच्छी शिक्षा हासिल कर पा रहा है, जबकि गरीब परिवारों के बच्चे अवसरों से वंचित हो रहे हैं। यह सामाजिक असमानता को और बढ़ा रहा है।
‘केजी से पीजी तक मुफ्त और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले’
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने मांग की कि सरकार प्रदेश में केजी से पीजी तक मुफ्त और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की व्यवस्था लागू करे। उन्होंने कहा कि शिक्षा पर खर्च को बोझ नहीं बल्कि देश के भविष्य में निवेश माना जाना चाहिए। साथ ही विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में खाली पड़े शिक्षकों के पदों को तत्काल भरने की भी मांग की।
‘पेपर लीक और परीक्षा रद्द होने से युवाओं का भविष्य बर्बाद’
पटवारी ने आरोप लगाया कि बीते वर्षों में कई प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक और गड़बड़ियों के कारण युवाओं का भविष्य दांव पर लगा। उन्होंने कहा कि लाखों छात्र वर्षों तक मेहनत करते हैं, लेकिन परीक्षा व्यवस्था की खामियों की कीमत उन्हें चुकानी पड़ती है। ऐसे मामलों में जवाबदेही तय होना जरूरी है।
राहुल गांधी के अभियान से जोड़ी यात्रा
पटवारी ने बताया कि यह यात्रा राहुल गांधी के “छात्रों की गूंज” अभियान से प्रेरित है। इसका उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था में सुधार, परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और युवाओं के भविष्य को सुरक्षित बनाने की मांग को जन-जन तक पहुंचाना है।
15 जुलाई को भोपाल पहुंचेगी यात्रा
इंदौर से शुरू हुई यह करीब 200 किलोमीटर लंबी साइकिल यात्रा 15 जुलाई को भोपाल पहुंचेगी। रास्ते में विभिन्न स्थानों पर छात्र, युवा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं से संवाद किया जाएगा। कांग्रेस का दावा है कि इस यात्रा के जरिए शिक्षा, रोजगार और परीक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को प्रदेशव्यापी जन आंदोलन का रूप दिया जाएगा। राजनीति