नीमच। साइबर अपराधों और फर्जी म्यूल बैंक खातों पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे ऑपरेशन मैट्रिक्स 2.0 के तहत नीमच पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कथित साइबर ठगी गिरोह के चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर शेयर ट्रेडिंग में टिप्स देने और अधिक मुनाफे का लालच देकर लोगों से ठगी करने का आरोप है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 62 एटीएम कार्ड, 8 पासबुक, 9 चेकबुक, 8 मोबाइल फोन, एक एटीएम स्वाइप मशीन, एक हुंडई ऑरा कार, एक लैपटॉप, एक मैकबुक और 51,500 रुपये नकद जब्त किए हैं।
फर्जी वेबसाइट से लोगों को बनाते थे निशाना-
पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास के निर्देशन में साइबर सेल नीमच और नीमच सिटी थाना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार, 16 और 17 अक्टूबर 2026 को I4C से प्राप्त तकनीकी जानकारी और मुखबिर की सूचना के आधार पर संदिग्ध बैंक खातों तथा एटीएम से निकासी से जुड़ी लोकेशन की जांच की गई। इसके बाद तीन आरोपियों को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की गई और उनकी निशानदेही पर चौथे आरोपी को भी पकड़ा गया।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी कथित तौर पर www.moneygrow.live वेबसाइट, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और फोन कॉल के जरिए लोगों को शेयर बाजार में अधिक मुनाफे का लालच देते थे। ठगी की रकम फर्जी म्यूल बैंक खातों में जमा कराई जाती थी। आरोपी कथित तौर पर अपने और अन्य लोगों के बैंक खातों की किट एक अन्य आरोपी को देते थे, जिसके माध्यम से राशि प्राप्त की जाती थी।
चार आरोपी गिरफ्तार-
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान निखिल कुमावत, जयंत कुमावत और दीपक मेघवाल निवासी ग्राम कचोली, थाना जीरन तथा अल्केश पंवार निवासी स्टार सिटी कॉलोनी, महू रोड, नीमच के रूप में हुई है।
पुलिस ने नीमच सिटी थाने में अपराध क्रमांक 555/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 319(2) और आईटी एक्ट की धारा 66D में प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू की है। जब्त बैंक खातों, एटीएम कार्ड, पासबुक और चेकबुक के संबंध में आगे जांच की जा रही है।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में कार्रवाई-
यह कार्रवाई एसपी राजेश व्यास के निर्देशन में एएसपी हेमलता अग्रवाल और नगर पुलिस अधीक्षक किरण चौहान के मार्गदर्शन में की गई। थाना प्रभारी नीमच सिटी निरीक्षक विजय सागरिया और साइबर सेल प्रभारी प्रधान आरक्षक प्रदीप शिंदे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।
कार्रवाई में उप निरीक्षक शिवराज सिंह, उप निरीक्षक शिशुपाल सिंह, प्रधान आरक्षक अजीत सिंह, प्रशांत जयंत, आदित्य गौड़, नीरज साहू सहित अन्य पुलिसकर्मियों और महिला आरक्षक मोनिका परिहार का योगदान रहा।