चित्तौड़गढ़। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के स्थापना दिवस विजयादशमी के अवसर पर 25 अक्टूबर को चित्तौड़ नगर में पथ संचलन निकाला जाएगा। इस बार संचलन महाराणा प्रताप महाविद्यालय से प्रारंभ होगा। संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम को लेकर स्वयंसेवकों और समाजजनों में खासा उत्साह है। संचलन की तैयारियां व्यापक स्तर पर की जा रही हैं।
वर्ष 1925 में नागपुर में विजयादशमी के दिन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना हुई थी। संघ अपने शताब्दी वर्ष के दौरान विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से समाज जागरण का कार्य कर रहा है। चित्तौड़ नगर की सभी बस्तियों से स्वयंसेवक संचलन में भाग लेंगे। कई स्वयंसेवकों ने इसके लिए नई गणवेश भी तैयार करवाई है। वहीं, संघ के घोष विभाग के स्वयंसेवक भी संचलन की तैयारियों में जुटे हुए हैं।
जिला संघचालक अनिरुद्ध सिंह भाटी ने बताया कि शारीरिक प्रदर्शन और शस्त्र पूजन के बाद पथ संचलन शाम 5.30 बजे प्रारंभ होगा। इस बार संचलन दो अलग-अलग मार्गों से निकलेगा, जिनका सुभाष चौक पर द्विवेणी संगम होगा।
पहला मार्ग
महाराणा प्रताप महाविद्यालय से प्रारंभ होकर संचलन सिंधु सर्कल, गुरु गोविंद सिंह सर्कल, कुंभानगर राजकीय विद्यालय, महाश्रमण सेतु मार्ग, कलेक्ट्रेट सर्कल, अजमीढ़ सर्कल, नामदेव सर्कल और आजाद मठ होते हुए अप्सरा छविगृह के रास्ते सुभाष चौक पहुंचेगा।
दूसरा मार्ग
दूसरा संचलन महाराणा प्रताप महाविद्यालय से स्टेशन, मीरा चोटी, प्रताप सर्कल, परशुराम सर्कल, पर्ल हॉस्पिटल, महेश सर्कल, शिवाजी सर्कल और कुमावतों के नोहरा होते हुए चंद्रलोक छविगृह मार्ग से सुभाष चौक पहुंचेगा।
गोरा बादल स्टेडियम में होगा समापन
सुभाष चौक पर दोनों संचलन टोलियों का द्विवेणी संगम होगा। इसके बाद संयुक्त संचलन पावटा चौक होते हुए गोरा बादल स्टेडियम पहुंचेगा, जहां कार्यक्रम का समापन होगा।