माउंट आबू। विश्व प्रसिद्ध शक्तिपीठों में शामिल मां अर्बुदा के दरबार में 15 दिवसीय धार्मिक महोत्सव के तहत भव्य शोभायात्रा निकाली गई। राजस्थान के एकमात्र हिल स्टेशन माउंट आबू में आयोजित इस शोभायात्रा में हजारों श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। ढोल-नगाड़ों की गूंज, मां अर्बुदा के जयकारों और पारंपरिक राजस्थानी परिधानों में सजे श्रद्धालुओं ने पूरे नगर को भक्तिमय बना दिया।
सिरोही और जालौर के ब्राह्मण, स्वर्णकार एवं परमार समाज के तत्वावधान में निकली शोभायात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी। रोटरी सर्किल, चाचा म्यूजियम सर्किल, अंबेडकर सर्किल, नक्की झील और नेहरू सर्किल होते हुए यात्रा मां अर्बुदा मंदिर पहुंची। इस दौरान जगह-जगह श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा कर भव्य स्वागत किया गया। महिलाएं और युवा भक्ति गीतों पर नृत्य करते हुए मां के जयकारे लगाते नजर आए।
शोभायात्रा के समापन के बाद बड़ी संख्या में श्रद्धालु करीब 300 सीढ़ियां चढ़कर मां अर्बुदा मंदिर पहुंचे। मंदिर परिसर में प्रधान पुजारी भारत रावल के सानिध्य में विधि-विधान से पूजा-अर्चना एवं धार्मिक अनुष्ठान संपन्न हुए। इस अवसर पर अष्टम नवचंडी महायज्ञ का भी शुभारंभ किया गया।
शारदीय नवरात्र से शरद पूर्णिमा तक चलने वाले इस 15 दिवसीय महोत्सव में धार्मिक अनुष्ठानों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से मां अर्बुदा की आराधना की जा रही है। आयोजन में स्थानीय श्रद्धालुओं के साथ पर्यटकों की भी भागीदारी देखने को मिली। पूरे महोत्सव में आस्था, राजस्थानी लोक संस्कृति और सामाजिक एकजुटता का अनूठा संगम नजर आया।