मनासा। तहसील क्षेत्र में पिछले कुछ समय से वन विभाग भाजपा सरकार के दबाव में रामपुरा और कंजार्डा क्षेत्र में मनमानी कर बरसो से कृषि कर रहे सैकड़ों परिवार को बेदखल करने की कार्रवाई कर रहा है। किसानो के साथ वन विभाग द्वारा तानाशाही पूर्वक की जा रही कार्रवाई को लेकर प्रदेश कांग्रेस महामंत्री ने पूर्व मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ से मुलाकात कर मामले से अवगत कराया और जमीन से जुडे हुए दस्तावेज बताए। जिस पर पूर्व सीएम कमलनाथ ने कहा कि किसानो के साथ अन्याय नही होने देंगे। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाथ ने इस मामले में जिला कलेक्टर से चर्चा कर जानकारी ली।
रामपुरा क्षेत्र के गांव भदाना में गांधीसागर डेम निर्माण के समय विस्थापित हुए किसानो को शासन ने बसाया था। विस्थापन के बाद से ही किसान परिवार के साथ वहां पर खेती कर अपने परिवार का संचालन कर रहे है। जिन्हे वन विभाग गलत सेटेलाइट नक्शे के आधार पर जमीन से बेदखल करने की कार्रवाई कर रहा है। वहीं कंजार्डा क्षेत्र के गुगलकुंआ में भी किसानो को सत्ता पक्ष के दबाव में निजी कंपनीयो को जमीन देने का काम कर किसानो की जमीने हडपी जा रही है। किसानो को न्याय मिले इसको लेकर प्रदेश कांग्रेस महामंत्री मंगेश संघई ने भोपाल पहुंचकर पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ को मामले से अवगत कराया। कमलनाथ ने मामले को गंभीरता से लिया और मामले में जिला कलेक्टर दिनेश जैन से दुरभाष पर चर्चा कर मामले में क्या कार्रवाई हुई इसकी जानकारी लेकर कहा कि किसानो के साथ अन्याय नही होने पाएं।
संघई ने कहा कि भदाना और गुगलकुंआ के किसानो के साथ ही रावलीकुडी के किसानो के साथ में वन विभाग सरकार के दबाव में कार्रवाई कर उन्हे जमीन से बेदखल करने पर आमादा है। लेकिन कांग्रेस किसानो के साथ अन्याय नही होने देगी। संघई ने कहा कि मामले को लेकर कमलनाथ ने कहा कि किसानो को चिंता करने की कोई बात नही है। किसानो के साथ किसी भी हाल में अन्याय नही होने देंगे। कांग्रेस सरकार बनने पर किसानो को न्याय दिलाने का काम कमलनाथ करेंगे। संघई ने कहा कि भाजपा सरकार और उसके जनप्रतिनिधीयों को जनता आने वाले विधानसभा चुनाव में सबक सिखाने को तैयार है।