रतलाम। सैलाना विकासखंड की बासिंद्रा ग्राम पंचायत के आदिवासी बाहुल्य ग्राम बासिंद्रा के 200 से अधिक घरों को मिल रहा है नल से जल। जल जीवन मिशन की 59 लाख की पुनरीक्षित योजना के माध्यम से पानी की समस्या का हल हुआ। योजना से पूर्व यहां के ग्रामवासियों को विशेषकर महिलाओं को पानी लाने के लिए हैंडपंप पर जाना पड़ता था, महिलाएं अपने घर से दूर लगे हैंडपंप पर पानी लेने के लिए जाती थी। अब सभी घरों को नल कनेक्शन के माध्यम से पाइप लाइन बिछाकर जोड़ा गया है।योजना में लगे दो नलकूप के माध्यम से उच्च स्तरीय टंकी को भरकर प्रतिदिन गांव में जल प्रदाय किया जाता है। यह काम ग्राम के नल चालक भमरसिंग सुंडावत करते हैं।
ग्राम बासिंद्रा की रहने वाली 55 वर्षीय महिला लक्ष्मणी नाथूलाल कांगडे ने बताया कि 35 साल पहले मेरी शादी महिदपुर सिटी से बासिंद्रा गांव में हुई थी। महिदपुर में हमारे घर पर नल कनेक्शन लगा था किंतु यहां पर पानी लाने के लिए स्कूल में लगे हैंडपंप पर जाना पड़ता था। सिर पर घड़ा रखकर पानी लाने में बहुत समस्या होती थी किंतु अब हमें पानी का बहुत आराम हो गया है। सरपंच मथुरा रतन मुनिया ने बताया कि ग्राम वालों को योजना का लाभ तो मिल रहा है किंतु जलकर की राशि की वसूली नहीं होने की वजह से योजना को चलाने में बहुत मुश्किल आती है। बासिंद्रा के पास धोलावाड़ डेम होने की वजह से यहां का जलस्तर बहुत अच्छा है कम गहराई पर ही पानी उपलब्ध हो जाता है। ग्राम की रूपकुंवर बाई, चंपाबाई लबाना इन सभी को घर पर ही नल कनेक्शन के माध्यम से पानी मिलने लगा है, सभी बहुत खुश हैं। सभी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को धन्यवाद ज्ञापित किया है।