BREAKING NEWS
BIG NEWS : 72 घंटे का ऑपरेशन सफलता, शाजापुर पुलिस ने 4.. <<     KHABAR : दतिया में फिर खिलेगा कमल, खंडवा में मंत्री.. <<     BIG NEWS : 16 घंटे में पुलिस की बड़ी सफलता, नाबालिग.. <<     BIG NEWS : सेफ क्लिक 2.0 अभियान में मंदसौर पुलिस की.. <<     हत्या के प्रयास के तीन आरोपी गिरफ्तार,.. <<     KHABAR : आदिवासी समाज ने की भील प्रदेश बनाने की.. <<     KHABAR : वारासिवनी की दो एथेनॉल प्लांटो का.. <<     NEWS : धमोतर पंचायत समिति बनी मिसाल, घुमंतु.. <<     NEWS : ग्रामीण सेवा शिविर में पट्टे वितरित,.. <<     KHABAR : विश्व युवा कौशल दिवस पर करियर मार्गदर्शन.. <<     खरगोन में NSUI और युवक कांग्रेस का.. <<     नेकी की मिली ऐसी सजा, संकट में ग्रामीणों को.. <<     KHABAR : शासकीय हाईस्कूल जूनापानी में निःशुल्क.. <<     BIG NEWS : नीमच जिले की मनासा थाना पुलिस और भरी.. <<     KHABAR : मनासा में नशे से दूरी है जरूरी अभियान का.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
November 25, 2024, 2:39 pm
NEWS : निजीकरण के विरोध में विद्युत विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने किया विरोध-प्रदर्शन, कार्य का बहिष्कार कर सीएम और ऊर्जा विभाग के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन, पढे़ कैलाश चन्द्र शर्मा की खबर

Share On:-

छोटीसादड़ी। राजस्थान सरकार के ऊर्जा विभाग में कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों ने निजीकरण के विरोध में सोमवार को कार्य बहिष्कार किया। ष्राजस्थान विद्युत संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले छोटीसादड़ी में  विद्युत क्षेत्र से जुड़े पांचों निगमों के कर्मचारियों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए सीएम भजन लाल शर्मा और ऊर्जा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव के नाम एसडीएम यतींद्र पोरवाल और सहायक अभियंता को सौंपा गया। विद्युत विभाग के अधिकारी और कर्मचारी रैली के रूप में उपखंड कार्यालय पहुंचे। वहां नारेबाजी और प्रदर्शन के बाद निजीकरण रोकने की मांग को लेकर ज्ञापन दिया गया। ज्ञापन में बताया गया कि राज्य के विद्युत उत्पादन, प्रसारण और वितरण निगमों में तेजी से निजीकरण किया जा रहा है, जिससे राज्य की सामरिक सुरक्षा और जनता के हितों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।


कर्मचारियों ने ज्ञापन में आरोप लगाया कि एचएएम एचएएम मॉडल और अन्य निजीकरण योजनाओं के तहत ग्रिड संचालन को निजी हाथों में देने से राष्ट्रीय और ग्रिड सुरक्षा को खतरा हो सकता है। साथ ही, राजस्थान के आत्मनिर्भर तापीय उत्पादन गृहों को केंद्र सरकार के उपक्रमों को सौंपने का विरोध करते हुए इसे राज्य और कर्मचारियों के हितों के खिलाफ बताया।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE