नीमच। मालवा के नीमच में अफीम उत्सव चल रहा है। पहले काश्तकारों की अफीम का तौल किया गया। इसके बाद अब सीपीएस के डोडों का तौल किया जा रहा है। कनावटी रोड स्थित आम्रपाली रेस्टोरेंट पर किसानों की अफीम तौली गई। इसके बाद अब सीपीएस वाले किसानों के डोडे तौले जा रहे हैं। इस बार विभाग ने मप्र व राजस्थान की विभिन्न ईकाईयों के कुल 53349 किसानों की अफीम की अफीम का तौल महज 20 दिन में ही पूरा कर इतिहास रच दिया है। तौल केंद्रों पर गर्मी को देखते हुए किसानों के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं।
राजस्थान और गाजीपुर की अफीम का भी तौल-
शासकीय अफीम एवं क्षारोद कारखाना नीमच ने फसल वर्ष 2024-25 के लिए केन्द्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो के अफीम तौल केंद्रों से प्राप्त अफीम का परीक्षण 29 मार्च 2025 से प्रारंभ किया था। इस वर्ष राजस्थान इकाई की तीन डिविजनों चित्तौडगढ़- 1 और 2 एवं भीलवाडा की गाजीपुर जाने वाली अफीम भी इस फैक्टी में प्राप्त करना एवं अफीम का परीक्षण किया जाना था।
मप्र व राजस्थान के 53 हजार किसानों की अफीम का परीक्षण-
मध्यप्रदेश एवं राजस्थान इकाई की विभिन्न इकाइयों से कुल 53,349 किसानों से अफीम प्राप्त की गई जो कि पिछले वर्ष में प्राप्त 36.771 अफीम किसानों की तुलना में काफी अधिक हैं। पिछले वर्ष लगभग प्रतिदिन औसतन 2150 किसानों की अफीम का परीक्षण कर 17 दिनों की अवधि में परीक्षण कार्य पूर्ण किया गया।
एक दिन में रिकॉर्ड 4 हजार किसानों की अफीम का परीक्षण-
इस वर्ष राजस्थान इकाई की तीन डिविजनों की अतिरिक्त अफीम प्राप्ति के बावजूद प्रतिदिन औसतन 2650 किसानों की अफीम का परीक्षण कर रिकार्ड 20 दिनों में अवधि में सफलतापूर्वक किया गया। साथ ही इस वर्ष एक दिन में रिकार्ड 4000 किसानों की अफीम का परीक्षण किया गया जो कि पिछले वर्ष एक दिन 3400 की तुलना में काफी अधिक है। यह भी अपने आप में एक नया कीर्तिमान है।
महाप्रबंधक डॉ. संजय कुमार के कुशल नेतृत्व का परिणाम-
आपकों बता दें कि महाप्रबंधक डॉ. संजय कुमार के कुशल नेतृत्व का ही परिणाम है कि उक्त परीक्षण का कार्य पूर्ण पारदर्शिता, दक्षता एवं तीव्रता के साथ किया गया। जिससे किसानों को अपनी अफीम का परिणाम अतिशीघ्र प्राप्त हुआ एवं उनमें हर्ष का माहौल है। साथ ही अतिशीघ्र परिणाम जारी होने से पूर्व वर्षों में उत्पन्न शंका एवं बिचौलियों से किसानों को निजात मिली। यह कहना अतिश्योक्ति नहीं होगी कि पिछले कुछ वर्षों से इस कार्यालय में एक स्वच्छ, पारदर्शी एवं गरिमामयी छवि स्थापित हुई है।