ग्वालियर। हाईकोर्ट खंडपीठ परिसर में डॉ. भीमराव अंबेडकर की मूर्ति लगाने को लेकर विवाद में आजाद समाज पार्टी की भी एंट्री हो गई है। राष्ट्रीय महासचिव रविंदर भाटी ने सोमवार को ग्वालियर एयरपोर्ट पर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि जो लोग बाबा साहब की मूर्ति का विरोध कर रहे हैं, वे मानसिक रूप से बीमार हैं। भाटी ने ऐलान किया कि 11 जुलाई को ग्वालियर में श्अंबेडकर महापंचायतश् आयोजित की जाएगी।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के शासन में मध्यप्रदेश में लगातार महापुरुषों का अपमान किया जा रहा है। ष्चाहे सम्राट मिहिर भोज हों या डॉ. अंबेडकर, सरकार ने कभी ईमानदारी से सम्मान नहीं दिया। बाबा साहब किसी जाति विशेष के नहीं हैं, उन्होंने पूरे देश के लिए संविधान बनाया। ऐसे में हाईकोर्ट परिसर में उनकी मूर्ति लगने से किसे आपत्ति हो सकती है।
11 जुलाई को ग्वालियर में अंबेडकर महापंचायत
रविंदर भाटी ने ऐलान किया कि 11 जुलाई को ग्वालियर में श्अंबेडकर महापंचायतश् आयोजित की जाएगी, जिसमें देशभर से आजाद समाज पार्टी और भीम आर्मी के कार्यकर्ता शामिल होंगे। इस पंचायत में मूर्ति स्थापना को लेकर बड़ा निर्णय लिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि बाबा साहब के नाम पर सियासत करने वाले अब स्पष्ट रुख दिखाएं। ष्कांग्रेस केवल नाम पर राजनीति करती है, लेकिन असल में सम्मान नहीं देती। यदि राहुल गांधी सामाजिक न्याय के पक्षधर हैं, तो उन्हें सामने आकर इस मुद्दे का समर्थन करना चाहिए।
मूर्ति विरोध को बताया समाज विरोधी मानसिकता
भाटी ने साफ कहा कि हाईकोर्ट परिसर में डॉ. अंबेडकर की मूर्ति का विरोध करना जातिगत भेदभाव और संविधान विरोधी सोच का परिचायक है। उन्होंने कहा कि बाबा साहब किसी एक समाज के नहीं, बल्कि पूरे देश के हैं। इसलिए यह सिर्फ मूर्ति लगाने का सवाल नहीं, संविधान और सामाजिक न्याय के सम्मान की लड़ाई है।