मंदसौर। उद्यानिकी विभाग के उप संचालक सोलंकी ने बताया कि उद्यमियों हितग्राहियों को आर्थिक सहायता, तकनीकि एवं व्यवसाय में सहायता प्रदान करने - तथा खाद्य प्रसंस्करण इकाईयों के उन्नयन हेतु उद्यानिकी विभाग द्वारा जिलें मे प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना संचालित है। योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिये जिलें में लहसुन एवं अन्य प्रोसेसिंग इकाई निर्माण हेतु लक्ष्य निर्धारित किये गये है, जिसमें लागत का 35% या अधिकतम 10 लाख रूपये अनुदान का वित्तीय प्रावधान है तथा एग्रीकल्चर इन्फ्रास्ट्रक्कर फण्ड योजनान्तर्गत प्राईमरी प्रोसेसिंग इकाई स्थापित करने पर 03 प्रतिशत व्याज ऋण पर अनुदान शासन द्वारा दिये जाने का प्रावधान है।
योजनान्तर्गत लहसुन प्रसंस्करण उत्पाद जैसे गार्लिक पिलिंग, गार्लिक पेस्ट, पावडर, फ्लेक्स, अचार, चटनी तथा अन्य प्रसंस्करण उत्पाद जैसे सभी प्रकार के मसालें, आटा चक्की, धनिया पावडर, आलु चिप्स, संतरा ज्यूस, हल्दी पावडर, मिर्च पावडर, आंवला अचार, मुरख्या, अमरूद जैम, जैली तथा अन्य सभी प्रकार के प्रसंस्करण उत्पाद आईल मील, दाल मिल, डेयरी उत्पादों से संबंधित इकाईयों की स्थापना हेतु आवेदन किये जा सकते है। उक्त योजना अंतर्गत व्यक्तिगत इकाई एवं समूह आधारित इकाईयो के निर्माण हेतु वेबसाईट https://pmfme.mofpi.gov.in पर ऑनलाईन आवेदन किये जा सकतें है।
योजनान्तर्गत पंजीयन संबंधी जानकारी हेतु उद्यमी हितग्राही जिलें के विकासखण्डो में पदस्थ विकासखण्ड अधिकारियों से संपर्क कर सकतें है।