गरोठ। गांधी सागर अभयारण्य क्षेत्र में तेंदुओं की बढ़ती गतिविधियां ग्रामीणों के लिए चिंता का कारण बनती जा रही हैं। शनिवार रात हिंगलाज रिसॉर्ट के पास एक तेंदुए का वीडियो राहगीरों ने मोबाइल से रिकॉर्ड किया, जिसमें तेंदुआ दीवार पर बैठा नजर आया और फिर जंगल की ओर लौट गया।
रावली कुड़ी निवासी लक्ष्मण गुर्जर ने बताया कि 17 जुलाई को एक आदिवासी युवक पर तेंदुए ने हमला कर दिया था। इससे पहले एक वर्ष पूर्व गणेश चरण भी तेंदुए के हमले का शिकार हो चुके हैं। गुर्जर ने बताया कि उनके दो मवेशी भी तेंदुओं का शिकार बन चुके हैं, जिससे ग्रामीणों में भय व्याप्त है।
इस संबंध में मंदसौर के डीएफओ संजय राय खेड़े ने जानकारी दी कि गांधी सागर अभयारण्य में 50 से अधिक तेंदुए हैं, जो विशेष रूप से रात 12 बजे से सुबह 4 बजे के बीच सक्रिय रहते हैं। उन्होंने बताया कि चीता प्रोजेक्ट के पूर्व तेंदुओं का रेस्क्यू कर अन्यत्र भेजा गया था, इसके बाद ही प्रोजेक्ट शुरू किया गया।
राय खेड़े ने लोगों को सतर्क करते हुए कहा कि वे रात में अकेले बाहर न निकलें, वाहन से बाहर न आएं और तेंदुओं से छेड़छाड़ से बचें। उन्होंने वाहन के अंदर ही सुरक्षित रहने की सलाह दी।