मुरैना। शहर में बुधवार सुबह से हो रही मूसलाधार बारिश ने शहर की अव्यवस्थाओं की परतें खोल दी हैं। चार घंटे की लगातार बारिश ने नगर निगम की तैयारियों की पोल खोल दी है, जिससे शहर की सड़कों पर बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं।
घने बादलों के बीच शुरू हुई तेज बारिश ने सदर बाजार, लोहिया बाजार, और पुरानी कलेक्ट्री क्षेत्र को जलमग्न कर दिया। जगह-जगह घुटनों तक पानी भर गया है, जिससे पैदल राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई जगह ट्रैफिक पूरी तरह से ठप हो गया है।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि नगर निगम ने मानसून से पहले नालियों की सफाई तक नहीं करवाई। ष्अगर समय पर नालियों की सफाई हो जाती, तो आज सड़कों पर नाव चलाने की नौबत नहीं आती,ष् दृ एक दुकानदार ने नाराज़गी जताते हुए कहा।
बारिश का पानी कई दुकानों और घरों में घुस गया है, जिससे व्यापारियों को आर्थिक नुकसान और आमजन को घरेलू संकट का सामना करना पड़ रहा है। स्कूल, अस्पताल और सरकारी कार्यालयों तक पहुंचना भी चुनौतीपूर्ण हो गया है।
प्रशासन की लापरवाही और नगर निगम की निष्क्रियता को लेकर नागरिकों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। अब देखना यह होगा कि जिम्मेदार अधिकारी इस हालात पर कब तक ध्यान देते हैं, या फिर यह बारिश मुरैना के लिए एक और मुसीबत बनकर आती रहेगी।
वही नगर निगम कमिश्नर सत्येंद्र धाकरे ने कहा की अधिक वर्षा होने के कारण यहां परेशानियां आ रही हैं जिनको हम तुरंत सही करवाएंगे है।