नीमच। दाऊजी बोहरा समाज नीमच के सुप्रसिद्ध बाल्टीवाला परिवार की बेटी और डेरकी परिवार की बहू रशीदा बहन पत्नी कर्रार हुसैन भाई डेरकी का बीती रात मस्कट (ओमान) में निधन हो गया।
वे 76 वर्ष की थीं और पिछले लगभग एक वर्ष से अस्वस्थ चल रही थीं। उनका निधन भारतीय समयानुसार शनिवार रात 9 बजे हुआ। रशीदा बहन, स्वर्गीय ताहिर अली भाई बाल्टीवाला की सुपुत्री थीं और उन्होंने अपने जीवन में सदैव समाजसेवा, सौम्यता और सहयोग की मिसाल कायम की।
वे हैदर डेरकी और सफदर डेरकी की माताजी थीं। उन्हें रविवार को भारतीय समय अनुसार दोपहर 3 बजे सुपूर्द ए खाक किया गया। उनके तीजे का सिपारा सोमवार को बोहरा बाजार स्थित हुसामी मस्जिद, नीमच में रखा गया है। रशीदा बहन बोहरा समाज की महिला संस्थाओं में सक्रिय रहीं और हमेशा जरूरतमंदों की मदद के लिए अग्रणी रहीं। उनकी मृदुभाषिता, व्यवहार कुशलता और सामाजिक सहभागिता ने उन्हें समाज में विशेष सम्मान दिलाया था। उनके निधन की खबर से नीमच शहर में गहरा शोक व्याप्त है।
वरिष्ठ पत्रकार मुस्तफा हुसैन ने भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि रशीदा बहन का सामाजिक कार्यों में बहुत महत्वपूर्ण योगदान रहा है। वे काफी व्यवहार कुशल और जरूरतमंदों की मदद करने वाली महिला थी। रशीदा बहन के इंतकाल पर समाज जनों और परिचितों ने अपनी गहरी संवेदनाएं और श्रद्धा सुमन अर्पित किए हैं।