मनासा। राम स्नेही संप्रदाय के युवा संत व मनासा में हनुमान चालीसा पाठ की प्रेरणा देने के साथ सनातनियों में अलख जगाने वाले चेतन राम जी महाराज व संतराम जी के सानिध्य में सनातन सत्संग मंडल का 67वा सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ श्री रामद्वारा में सनातनियों की अपार उपस्थिति के बीच सम्पन्न हुआ। सनातन सत्संग मंडल के सदस्यों ने भजनों की भक्तिमय शुरूआत करते हुवे
श्री गुरुदेव कृपा कर मुझको भी अपना ले ना संभव हे झंझटों में तुम को भूल जाऊ पर नाथ चरणों में जगह देना... निरंजन पाराशर, सब मंगलमय कर देते हे दक्षिण मुख के हनुमान प्रभु....सत्यनारायण सोनी, गोपाल राठौर ने भगवान श्री चारभुजा जी की लावणी को मालवी भाषा में गा कर माहौल को आराध्य की भक्ति में लिन कर दिया । हनुमान भक्त जमनालाल पाटीदार भाट खेड़ी ने भजन घूमदा ने म्हारा बाला जी घम्बर घम्बर घोटो ,लक्ष्मण जी ने शक्ति लागी आयो पर्वत मोटो... से ने सभी हनुमान भक्त को नाचने पर मजबूर कर दिया। वंदे सत शत गुरु बोल तेरा क्या लगेगा मोल....राजकुमार मारू ने सत गुरु को याद किया ।विजय उपाध्याय ने अंजनी कुमार को जगाते हुवे कुछ याद करो अपन पवन अपना बालपन सुंदर भजन को स्वर दिए। छोटी प्यारी सी बालिका ने वो भारत देश मेरा.....।
संत राम जी ने हनुमान जी की अपने आराध्य श्री राम जी की भक्ति को बतलाते हुवे कहा की भजन आनंद अपार मेरे बाबा के दरबार में मन की शांति मिली मेरे बाबा के दरबार में सुनाया।
हनुमान चालीसा पाठ के सत्संग की प्रेरणा देने वाले संत श्री चेतनराम जी राम जी ने उपस्थित सनातनियों से वीर हनुमाना अति बलवाना राम राम रटीयो प्रभु मन वासियों सब कि सुनियों रे ..का स्मरण कराते हुवे कहा हनुमान जी का संकट मोचन नाम किने दिया विस्तार से समझाया। इसके पूर्व सत्संग की शुरूआत में हनुमान जी व रामचरण जी महाराज की तस्वीर पर माल्यार्पण के साथ हुई।
सामूहिक पाठ के तहत पूरे पंडाल ने चेतन राम जी ,संत राम जी के साथ हनुमान चालीसा का पाठ किया। अब सौंप दिया इस जीवन का सब भार तुम्हारे हाथों ..के साथ सत्संग का समापन हुआ। अगला 68 वा पाठ नगर के चमत्कारी देवी मंदिर श्री नारसिंगी माता मंदिर पर होगा।