नीमच। नीमच स्थित विशेष न्यायालय एनडीपीएस एक्ट ने फर्जी नम्बर प्लेट लगाकर अफीम और डोडाचूरा की तस्करी करने वाले दो आरोपियों को कठोर सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश जितेन्द्र कुमार बाजोलिया ने आरोपी रवि सुथार और विजयसिंह को विभिन्न धाराओं में दोषी मानते हुए सश्रम कारावास एवं अर्थदंड से दंडित किया।
न्यायालय ने आरोपी रवि सुथार और विजयसिंह को धारा 8/15(सी) एनडीपीएस एक्ट के तहत 11-11 वर्ष के सश्रम कारावास एवं 1-1 लाख रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई। वहीं धारा 8/18(सी) एनडीपीएस एक्ट में 2-2 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 20-20 हजार रुपए अर्थदंड तथा धारा 347(1) भारतीय न्याय संहिता 2023 के तहत 2-2 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 5-5 हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किया गया।
अभियोजन मीडिया सेल प्रभारी रितेश कुमार सोमपुरा ने बताया कि 23 मई 2024 की देर रात मंदसौर-रतलाम हाईवे स्थित माननखेड़ा टोल प्लाजा पर सीबीएन को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक ग्रे रंग की मारुति कार में अफीम और डोडाचूरा की खेप महाराष्ट्र ले जाई जा रही है।
सूचना के आधार पर निवारक दल ने टोल नाके पर नाकाबंदी की। इसी दौरान संदिग्ध कार को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन चालक ने शासकीय स्कॉर्पियो वाहन को टक्कर मारते हुए भागने की कोशिश की। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए निवारक दल के सदस्य ने राइफल से कार के अगले हिस्से की ओर फायर किया, जिससे गोली रेडिएटर पर लगी और कार बंद हो गई। इसके बाद दोनों आरोपियों को घेराबंदी कर पकड़ लिया गया।
कार की तलाशी लेने पर उसमें रखे 6 कट्टों से 100 किलोग्राम अवैध डोडाचूरा तथा डैशबोर्ड में रखी पारदर्शी थैली से 500 ग्राम अफीम बरामद की गई। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी फर्जी नम्बर प्लेट लगाकर अंतर्राज्यीय तस्करी कर रहे थे।
प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक सुशील ऐरन ने की। उनके द्वारा महत्वपूर्ण गवाहों के बयान कराकर अपराध को संदेह से परे प्रमाणित किया गया, जिसके आधार पर न्यायालय ने दोनों आरोपियों को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।