नीमच। ग्राम पंचायत सेमली चन्द्रावत में तालाब के लिए आरक्षित शासकीय भूमि पर कथित अतिक्रमण का मामला जिला जनसुनवाई तक पहुंच गया है। ग्राम पंचायत के सरपंच बाबूकुंवर चन्द्रावत एवं पंचायत सचिव ने कलेक्टर को आवेदन सौंपकर तालाब क्षेत्र में हो रहे कथित कब्जे और मिट्टी भराव कार्य को तत्काल रुकवाने की मांग की है।
पंचायत द्वारा प्रस्तुत आवेदन में बताया गया है कि ग्राम सेमली चन्द्रावत स्थित सर्वे क्रमांक 635/1 एवं 635/2 की भूमि तालाब के लिए आरक्षित है। आरोप है कि कुछ लोगों द्वारा इस भूमि पर अवैध कब्जा कर ट्रैक्टरों से मिट्टी भराव किया जा रहा है, जिससे तालाब के अस्तित्व और जल संग्रहण क्षमता पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है।
पंचायत प्रतिनिधियों ने बताया कि तालाब के समीप गोशाला संचालित है, जहां बड़ी संख्या में गोवंश का संरक्षण किया जाता है। गर्मी के मौसम में तालाब का पानी गोवंश के लिए महत्वपूर्ण जल स्रोत का कार्य करता है। ऐसे में यदि तालाब क्षेत्र पर अतिक्रमण जारी रहा तो भविष्य में गोशाला के समक्ष गंभीर जल संकट उत्पन्न हो सकता है।
आवेदन में प्रशासन से तालाब की भूमि का सीमांकन कराने, अवैध अतिक्रमण हटाने, मिट्टी भराव कार्य पर रोक लगाने तथा गोवंश के आवागमन में बाधा बन रही तार-जाली एवं अन्य अवरोधों को हटाने की मांग की गई है।
सरपंच एवं सचिव ने कहा कि तालाब केवल जल स्रोत नहीं, बल्कि ग्रामीणों और गोवंश के लिए जीवनरेखा है। इसके संरक्षण और संवर्धन के लिए प्रशासन को तत्काल हस्तक्षेप कर आवश्यक कार्रवाई करनी चाहिए।
मामला जनसुनवाई में पहुंचने के बाद अब ग्रामीणों की नजर प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है।