चित्तौड़गढ़। जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह की पहल पर जिले के सभी वृत्ताधिकारी (डीवाईएसपी) एवं थाना प्रभारियों ने अपने-अपने क्षेत्र के विद्यालयों और महाविद्यालयों में संवाद कार्यक्रम आयोजित कर विद्यार्थियों को साइबर अपराध, महिला सुरक्षा, कानून, यातायात नियमों, नशामुक्ति और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के प्रति जागरूक किया।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों को डिजिटल अरेस्ट, फर्जी कॉल, ऑनलाइन निवेश ठगी, ओटीपी साझा करने के खतरे, बैंकिंग धोखाधड़ी और सोशल मीडिया के दुरुपयोग से बचने के उपाय विस्तार से बताए। साथ ही साइबर ठगी का शिकार होने पर तत्काल 1930 हेल्पलाइन और राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने की जानकारी भी दी।
संवाद कार्यक्रम में विद्यार्थियों को हेलमेट और सीट बेल्ट के अनिवार्य उपयोग, नशीले पदार्थों से दूर रहने, महिला सम्मान एवं सुरक्षा, बाल अधिकारों और एक जिम्मेदार नागरिक के कर्तव्यों के बारे में भी जागरूक किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए पुलिस की कार्यप्रणाली, आपातकालीन सेवाओं और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में आमजन की भूमिका पर भी चर्चा की गई।
जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि युवाओं को कानून के प्रति जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बनाना जिला पुलिस की प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से जिले के सभी वृत्ताधिकारी और थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों के स्कूलों एवं कॉलेजों में नियमित रूप से संवाद और जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि विद्यार्थी साइबर अपराधों सहित अन्य सामाजिक बुराइयों से सुरक्षित रहकर समाज में जागरूकता का संदेश फैलाएं।