BREAKING NEWS
BIG REPORT : उज्जैन की एपीआई मैन्युफैक्चरिंग इकाई.. <<     NMH MANDI : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी नीमच के.. <<     BIG NEWS : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कल खिमला.. <<     KHABAR : मेरे सपनों का भारत को रंगों और शब्दों में.. <<     BIG NEWS : मंदसौर में 50 लाख से अधिक की एमडी ड्रग्स और.. <<     BIG NEWS : दिन में मिलेगी 10 घंटे बिजली, बढ़ेगा सिंचाई.. <<     KHABAR : समूह से मिली आर्थिक मजबूती, आटा चक्की को.. <<     KHABAR : सेवा संकल्प अभियान के तहत देवरी खवासा.. <<     BIG NEWS : गांधीसागर के जंगल में फिर अचानक बढ़ी हलचल,.. <<     BIG NEWS : नीमच में मेंटेनेंस के नाम पर बड़ा पावर कट,.. <<     ‘छात्रों की गूंज’ में बड़वानी के युवाओं की.. <<     MANDI BHAV : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी मनासा के.. <<     NEWS : निःशुल्क पार्किंग में 24 घंटे में दो बाइक.. <<     BIG NEWS : बाबा महाकाल की शरण में पहुंचे उत्तराखंड.. <<     NEWS : महेंद्र कपूर की पुण्यतिथि पर सजेगी सुरों.. <<     इंदौर में राहुल गांधी का शक्ति प्रदर्शन!.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
July 9, 2026, 12:36 pm
KHABAR : इंदौर नगर निगम में नक्शों का बड़ा खेल, राजस्व में करोड़ों की सेंध की आशंका, आयुक्त ने खुलवाई एक साल की फाइलें, पढे़ खबर 

Share On:-

इंदौर। मध्य प्रदेश के इंदौर नगर निगम में भवन नक्शों की मंजूरी को लेकर बड़ा खेल सामने आने की आशंका है। पिछले साल नक्शा पास करने से मिलने वाले राजस्व में आई अप्रत्याशित गिरावट के बाद नगर निगम प्रशासन हरकत में आ गया है। निगम आयुक्त ने पिछले एक साल में पास हुए सभी भवन नक्शों की जांच के आदेश दे दिए हैं। जांच की सबसे खास बात यह है कि जिस जोन में नक्शा पास हुआ, उसकी जांच उसी जोन के अधिकारी नहीं, बल्कि दूसरे जोन के अधिकारी करेंगे, ताकि किसी भी तरह का पक्षपात या गड़बड़ी दबाई न जा सके।


कमाई घटी तो खुलने लगीं फाइलें
नगर निगम को हर साल भवन निर्माण के नक्शे पास करने से करोड़ों रुपए का राजस्व मिलता है। लेकिन इस बार पिछले वर्षों की तुलना में राजस्व में बड़ी कमी दर्ज की गई। राजस्व में आई इस गिरावट ने निगम प्रशासन को संदेह में डाल दिया कि कहीं नियमों की अनदेखी कर कम शुल्क लेकर नक्शे तो पास नहीं किए गए या फिर कहीं राजस्व की हेराफेरी तो नहीं हुई।यही वजह है कि अब पूरे मामले की गहन जांच शुरू कर दी गई है।


दूसरे जोन के अधिकारी करेंगे जांच
निगम आयुक्त ने जांच प्रक्रिया को निष्पक्ष बनाने के लिए अलग व्यवस्था लागू की है। अब एक जोन में पास हुए नक्शों की जांच दूसरे जोन के अधिकारी करेंगे। माना जा रहा है कि इससे यदि किसी स्तर पर मिलीभगत हुई होगी तो उसके सामने आने की संभावना बढ़ जाएगी।


हजारों नक्शों की होगी पड़ताल
नगर निगम हर साल हजारों भवन निर्माण के नक्शे मंजूर करता है। इनसे निगम को बड़ा राजस्व प्राप्त होता है। अब पिछले एक साल में पास हुए नक्शों की फाइलें खंगाली जाएंगी। इसमें यह देखा जाएगा कि नियमों के अनुसार शुल्क वसूला गया या नहीं, नक्शों की मंजूरी में किसी प्रकार की अनियमितता तो नहीं हुई और कहीं जानबूझकर निगम को राजस्व का नुकसान तो नहीं पहुंचाया गया।


गड़बड़ी मिली तो अफसरों पर गिर सकती है गाज
जांच में यदि राजस्व की हानि, नियमों के उल्लंघन या मिलीभगत के प्रमाण मिलते हैं तो संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों पर कार्रवाई तय मानी जा रही है। फिलहाल जांच शुरू हो चुकी है और अब सभी की नजर इस बात पर है कि निगम को राजस्व का नुकसान कैसे हुआ, इसके लिए कौन जिम्मेदार है और दोषियों के खिलाफ क्या कार्रवाई होती है।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE