नीमच। नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास), नीमच की 60वीं छमाही बैठक सीटीसी, सीआरपीएफ परिसर स्थित चंद्रशेखर आजाद भवन में उप महानिरीक्षक एवं नराकास अध्यक्ष प्रमोद कुमार सिंह की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में केंद्रीय कार्यालयों, बैंकों एवं सार्वजनिक उपक्रमों में राजभाषा हिंदी के प्रगामी प्रयोग की समीक्षा की गई।
बैठक में नराकास के सचिव के. सुंदरेसन ने 1 अक्टूबर 2025 से 31 मार्च 2026 की अवधि के दौरान सदस्य कार्यालयों द्वारा राजभाषा हिंदी में किए गए कार्यों का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। अध्यक्ष प्रमोद कुमार सिंह ने कुछ कार्यालयों में राजभाषा कार्यान्वयन की कमियों की ओर ध्यान आकर्षित करते हुए बेहतर कार्य करने वाले कार्यालयों की सराहना की तथा वर्ष 2026-27 के लिए निर्धारित लक्ष्यों को पूर्ण करने के लिए गंभीर प्रयास करने पर बल दिया।
उन्होंने कहा कि हिंदी केवल हमारी राजभाषा ही नहीं, बल्कि एक वैज्ञानिक भाषा भी है। तकनीकी कार्यों की अनिवार्यता को छोड़कर सभी सरकारी कार्यालयों में सरल एवं व्यवहारिक हिंदी में कामकाज को बढ़ावा दिया जाना चाहिए।
बैठक में सीआरपीएफ, केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो, संयुक्त जिला चिकित्सालय सहित विभिन्न केंद्रीय कार्यालयों के अधिकारी एवं राजभाषा प्रतिनिधि उपस्थित रहे। अंत में उप कमांडेंट आशीष भटनागर ने सभी उपस्थितजनों का आभार व्यक्त किया।