चित्तौड़गढ़। वर्षाकाल में आमजन को स्वच्छ, सुरक्षित और गुणवत्तायुक्त पेयजल उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की सर्वाेच्च प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से जिला कलक्टर डॉ. मंजू ने गुरुवार को जिला जल एवं स्वच्छता मिशन की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले के प्रत्येक घर तक शुद्ध पेयजल की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित की जाए तथा इसकी गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने दूषित जलापूर्ति रोकने, पेयजल गुणवत्ता की नियमित जांच और सूख चुके हैंडपंपों के पुनर्भरण (रिचार्ज) कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करने के निर्देश भी दिए।
समिति कक्ष में आयोजित बैठक में जिला कलक्टर ने कहा कि वर्षा ऋतु के दौरान जल स्रोतों के दूषित होने की संभावना अधिक रहती है। ऐसे में नियमित अंतराल पर पेयजल के नमूने लेकर उनकी गुणवत्ता की जांच की जाए। जिन स्थानों पर पेयजल पाइप लाइन नालियों अथवा सीवरेज लाइन के समीप से गुजर रही है, वहां विशेष निरीक्षण कर आवश्यक मरम्मत एवं सुरक्षा उपाय तत्काल किए जाएं, ताकि प्रदूषित पानी पेयजल आपूर्ति में शामिल न हो सके।
उन्होंने जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले के सभी विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों में स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए। साथ ही जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित निर्माण एवं विकास कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण किया जाए।
डॉ. मंजू ने श्कर्मभूमि से मातृभूमि अभियानश् का उल्लेख करते हुए कहा कि जिले में सूख चुके हैंडपंपों को पुनर्जीवित करने के लिए रिचार्ज संरचनाओं का निर्माण प्राथमिकता के आधार पर कराया जाए। इससे वर्षा जल का अधिकतम संचयन होगा और भूजल स्तर में सुधार लाने में मदद मिलेगी।
बैठक में जल जीवन मिशन से जुड़े विभिन्न कार्यों की प्रगति, भुगतान की स्थिति एवं प्राप्त शिकायतों की भी समीक्षा की गई। जिला कलक्टर ने लंबित भुगतानों एवं शिकायतों का समयबद्ध और प्रभावी निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की बाधा स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक के प्रारंभ में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता सुनीत गुप्ता ने पॉवरपॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से जिले में जल जीवन मिशन के तहत संचालित कार्यों, उपलब्धियों एवं आगामी कार्ययोजना की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की।
बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर दिनेश धाकड़, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी विनय पाठक, मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी प्रमोद दशोरा सहित जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।