रतलाम। श्रावण माह और सावन महोत्सव के दौरान उज्जैन आने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए पश्चिम रेलवे रतलाम मंडल ने उज्जैन रेलवे स्टेशन पर विशेष भीड़ प्रबंधन योजना लागू की है। रेलवे का अनुमान है कि इस दौरान विभिन्न तिथियों पर प्रतिदिन 80 हजार से अधिक यात्री स्टेशन पहुंचेंगे। यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा और सुगम आवागमन के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
पश्चिम रेलवे रतलाम मंडल के जनसंपर्क अधिकारी मुकेश कुमार ने बताया कि यात्रियों की सुविधा के लिए चार अतिरिक्त यूटीएस टिकट काउंटर संचालित किए जाएंगे, जबकि प्रवेश और निकास व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए छह अतिरिक्त टिकट चेकिंग स्टाफ की तैनाती की गई है।
सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए 50 अतिरिक्त रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) और 30 अतिरिक्त जीआरपी जवान तैनात किए जाएंगे। वहीं इंदौर से खड़की, मुंबई सेंट्रल, निजामुद्दीन और पटना के बीच चलने वाली पांच स्पेशल ट्रेनों के फेरों का विस्तार किया गया है। जरूरत पड़ने पर उज्जैनदृभोपालदृउज्जैन के बीच अनारक्षित स्पेशल ट्रेनों का संचालन भी किया जाएगा। आपात स्थिति से निपटने के लिए स्टेशन पर एक अतिरिक्त इमरजेंसी रेक भी उपलब्ध रखा गया है।
भीड़ नियंत्रण के लिए स्टेशन परिसर में वर्तमान पार्किंग क्षेत्र को क्राउड होल्डिंग एरिया बनाया गया है। इसके अलावा मुख्य प्रवेश द्वार (प्लेटफॉर्म-1) के बाहर लगभग 650 वर्गमीटर क्षेत्र में अस्थायी क्राउड होल्डिंग एरिया विकसित किया गया है। यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए तीन लेन को नो-व्हीकल जोन और एक लेन को थ्रू लेन घोषित किया गया है।
रेलवे ने अनारक्षित टिकटों की अतिरिक्त बिक्री, सभी प्रवेश द्वारों पर आरपीएफ और टिकट चेकिंग स्टाफ की तैनाती, मैनुअल एवं ऑटोमेटिक उद्घोषणाओं, अतिरिक्त साइनेज बोर्ड और विशेष सफाई व्यवस्था भी सुनिश्चित की है। रेलवे ने राज्य प्रशासन और पुलिस प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर श्रद्धालुओं को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुगम यात्रा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं।