नीमच। आपात परिस्थितियों में किसी व्यक्ति का जीवन बचाने के लिए सीपीआर एवं फर्स्ट एड का प्रशिक्षण बेहद महत्वपूर्ण है। शुरुआती कुछ मिनटों में सही प्राथमिक सहायता और सीपीआर किसी व्यक्ति की जान बचाने में निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं। यह बात नीमच कलेक्टर एवं जिला रेडक्रॉस सोसायटी अध्यक्ष हिमांशु चंद्रा ने सीपीआर एवं फर्स्ट एड प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान कही।
कलेक्टर हिमांशु चंद्रा के मार्गदर्शन तथा जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं प्रशासक अमन वैष्णव और सहायक प्रशासक अरविंद डामोर के निर्देशन में भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, नीमच द्वारा 19 अगस्त को कनावटी स्थित होटल सनराइज ग्रांट में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें जिले की 113 औद्योगिक एवं अन्य इकाइयों के प्रतिनिधियों ने भाग लेकर आपात स्थिति में जीवन बचाने की तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त किया।
डमी के माध्यम से सिखाई सीपीआर की तकनीक-
प्रशिक्षण में हृदय रोग विशेषज्ञ एवं कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. बी.एल. जड़िया ने प्रतिभागियों को सीपीआर एवं फर्स्ट एड की विभिन्न तकनीकों की जानकारी दी। उन्होंने डमी के माध्यम से सीपीआर देने की सही प्रक्रिया का प्रदर्शन किया और बताया कि आपात स्थिति में किस प्रकार तत्काल एवं प्रभावी प्राथमिक सहायता प्रदान की जा सकती है। इस दौरान विभिन्न संस्थानों एवं औद्योगिक इकाइयों के प्रतिनिधियों से सीपीआर तकनीक का प्रायोगिक अभ्यास भी कराया गया।
कलेक्टर ने स्वयं लिया सीपीआर का प्रशिक्षण-
कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने भी प्रशिक्षण में सहभागिता करते हुए सीपीआर तकनीक सीखी और इसका व्यावहारिक अभ्यास किया। उन्होंने कहा कि सीपीआर एवं फर्स्ट एड की जानकारी प्रत्येक व्यक्ति के लिए उपयोगी है। आपात स्थिति में शुरुआती कुछ मिनट बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। ऐसे समय में सही तरीके से दी गई प्राथमिक सहायता और सीपीआर किसी व्यक्ति का जीवन बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि सीपीआर एवं फर्स्ट एड का प्रशिक्षण केवल संस्थानों और कार्यस्थलों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि इसे घर-घर और गांव-गांव तक पहुंचाने की आवश्यकता है। अधिक से अधिक लोगों को प्रशिक्षित कर कुशल सीपीआर देने वालों की संख्या बढ़ाई जानी चाहिए। साथ ही नियमित रूप से प्रशिक्षण एवं कार्यशालाएं आयोजित की जाएं, ताकि आम नागरिक भी आपात परिस्थितियों में प्रभावी प्राथमिक सहायता दे सकें।
औद्योगिक इकाइयों और अन्य संस्थानों के प्रतिनिधियों ने लिया प्रशिक्षण-
भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी के सचिव डॉ. स्वप्निल वाधवा ने बताया कि प्रशिक्षण में जिले की विभिन्न औद्योगिक इकाइयों, होटल व्यवसायियों, होमगार्ड एवं अन्य संस्थानों के प्रतिनिधियों को फर्स्ट एड और सीपीआर का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम शाम 3 से 5 बजे तक आयोजित हुआ।