NEWS : विश्व पर्यटन दिवस पर चित्तौड़गढ़ दुर्ग में पर्यटकों का पारंपरिक स्वागत, लोक कलाकारों की प्रस्तुतियों ने बांधा समां, पर्यटन ऐप के QR कोड का किया शुभारंभ, पढे़ रेखा खाबिया की खबर
चित्तौड़गढ़। विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर शनिवार को चित्तौड़गढ़ दुर्ग पर पर्यटन विभाग एवं गाइड एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में दुर्ग भ्रमण के लिए पहुंचे पर्यटकों का माल्यार्पण कर पारंपरिक रूप से स्वागत किया गया। इस दौरान महाराष्ट्र, गुजरात, मध्य प्रदेश एवं तमिलनाडु सहित विभिन्न राज्यों से आए बड़ी संख्या में पर्यटक मौजूद रहे। विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर दुर्ग के विभिन्न ऐतिहासिक स्मारकों पर लोक कलाकारों द्वारा राजस्थान की समृद्ध लोक संस्कृति एवं कला की मनमोहक प्रस्तुतियां दी गईं। कुम्भा महल में लक्ष्मीनारायण रावल एवं दल ने भवई एवं राजस्थानी नृत्य की प्रस्तुति दी। विजय स्तंभ पर स्थानीय लोक कलाकार भंवरलाल ने शहनाई वादन से पर्यटकों को मंत्रमुग्ध किया। वहीं विक्रम एवं दल के बहुरूपिया कलाकारों ने विभिन्न वेशभूषाओं में प्रस्तुतियां देकर पर्यटकों का मनोरंजन किया। छबड़ा, बारां से आए मनभर गुजरावत एवं दल ने व्यू प्वाइंट पर चकरी नृत्य की प्रस्तुति दी, जबकि अन्ता, कोटा से आए धनराज वर्मा एवं दल ने कच्छी घोड़ी नृत्य के माध्यम से पर्यटकों का स्वागत किया। विश्व पर्यटन दिवस के तहत 26 सितंबर को राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय गाड़ी लोहार, चित्तौड़गढ़ में विद्यार्थियों के लिए चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई। साथ ही विद्यालय परिसर में पौधारोपण किया गया। नगर परिषद चित्तौड़गढ़ के सहयोग से दुर्ग स्थित कालिका माता मंदिर क्षेत्र में विशेष सफाई अभियान भी चलाया गया। डिजिटल तकनीक से पर्यटकों को मिलेगी दुर्ग के इतिहास की जानकारी इस वर्ष विश्व पर्यटन दिवस की थीम “Digital Agenda and Artificial Intelligence to Redesign Tourism” रखी गई है। इसी क्रम में पंच गौरव कार्यक्रम के तहत चयनित एक जिला एक पर्यटन स्थल—चित्तौड़गढ़ दुर्ग के ऐतिहासिक स्मारकों एवं पर्यटन स्थलों की जानकारी पर्यटकों को सहज रूप से उपलब्ध कराने के लिए मोबाइल ऐप तैयार किया गया है। मोबाइल ऐप के प्रचार-प्रसार के लिए QR कोड को पर्यटकों के आवागमन वाले प्रमुख स्थानों पर प्रदर्शित किया जाएगा। पर्यटक QR कोड स्कैन कर अपने मोबाइल पर चित्तौड़गढ़ दुर्ग के विभिन्न स्मारकों एवं उनके इतिहास की जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। इससे पर्यटकों को दुर्ग के इतिहास की प्रमाणिक एवं उपयोगी जानकारी सहज रूप से उपलब्ध हो सकेगी। मोबाइल ऐप के QR कोड का शुभारंभ जिला कलक्टर डॉ. मंजू एवं आईएएस अधिकारी रविन्द्र मेघवाल, अतिरिक्त जिला कलक्टर राजलक्ष्मी गहलोत, उपनिदेशक सूचना प्रौद्योगिकी विभाग प्रवीण जैन एवं सहायक निदेशक पर्यटन विभाग विवेक जोशी की उपस्थिति में किया।