सरवानिया महाराज। महिला उत्पीड़न लिव इन रिलेशनशिप रेप व गंदी घटना हरकतें जैसी घटनाएं बदलती दुनिया मे कभी कभी साधारण जीवन जीने वाले लोगों के मन पर इतना गहरा असर डाल देती है की वो इन सामाजिक बुराइयों के ख़िलाफ़ सामाजिक जागरूकता पैदा करने के लिए पैदल चलकर लोगों तक अपनी बात रखने से भी नहीं चुकते। हम इस वक्त बात कर रहे हैं राजस्थान के ग्राम रावों का सायरा तहसील गोगुन्दा निवासी विमला खटीक की।
विमला खटीक मार्डन जमाने की बीए ग्रेजुएशन वाली 31 वर्षीय युवती हैं, जो पिछले कई दिनों से राजस्थान के रास्ते मध्यप्रदेश के खजराना गणेश को माथा टेकने घर से पैदल यात्रा कर रही हैं। विमला खटीक को समाज में बढ़ते अपराध, महिला उत्पीड़न, रैप, गंदी हरकतों व लिव इन रिलेशनशिप की घटनाओं ने ऐसा झंकझोर दिया कि उसने सामाजिक चेतना लाने और धार्मिक स्थलों की यात्रा करने का मानस बना डाला और निकल गई अकेली घर से। विमला खटीक बोलने में हिंदी के साथ थोड़ी थोड़ी अग्रेजी भी इस्तेमाल कर लेती हैं। विमला खटीक का विवाह बचपन में हो गया था जो आगे चलकर टुट गया। उसके बाद पुनर्विवाह भी हुआ, लेकिन पति का पहले वाली पत्नी से पुर्ण रुप से अलग नहीं हो पाना विमला खटीक के रिश्तों में दरार पैदा कर गया और वो रिश्ते में पनपते पुराने रिश्तों के आगे टुट गई और देश की न्याय व्यवस्था और सरकार की तरफ निहारने लगी की कभी तो उम्मीद की किरण निकलेगी और समाज में जागरूकता आयेगी।
विमला मानती हैं कि देश में ऐसी कितनी महिलाएं और युवतियां है जो आधुनिक समाज मे पनपने वाले लिव इन रिलेशनशिप जैसे रिश्तों तथा जबरन घटने वाली बलात्कार जैसी घटनाओं के कारण संकट में है। समाज में एक दिन पाश्चात्य संस्कृति के खिलाफ बदलाव आयेगा यह कहकर विमला ने अपनी घरेलु कामकाजी माता सुशीला देवी खटीक से मोबाइल पर बात करवाई। विमला खटीक की माँ सुशीला देवी खटीक ने हमें बताया कि बच्ची बचपन से ही जुनूनी है चंचल है और सामाजिक सरोकार मे जीवन जीने के साथ साथ महिला को अपराधों के मामले में गांव के आसपास आयोजनो मे बेबाकी के साथ बात रखने जाती हैं। पिता नानुराम पेशे से खानदानी काम करते हैं। विमला के छोटे भाई के रूप में विनोद और बहन के रुप में निलम भी है।
नगर से गुजर रही थी तो किया स्वागत-
राजस्थान निवासी खटीक समाज की बेटी जब अपने गांव से पैदल यात्रा कर सरवानिया महाराज की सरहद से गुजर रही थी तो पूर्व पार्षद दिनेश खटीक चौहरा एवं राजेश चौहरा मिस्त्री के परिवार ने विमला का अभिनंदन कर स्वागत किया। विमला अब पैदल मंदसौर पशुपतिनाथ फिर बाबा महाकाल और खजराना गणेश पहुंचेगी।