BREAKING NEWS
KHABAR : कलेक्टर की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट.. <<     KHABAR : कचरा प्रबंधन में लापरवाही नहीं होगी.. <<     KHABAR : पेटलावद को मिली विकास कार्यों की सौगात,.. <<     NMH MANDI : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी नीमच के.. <<     NEWS : 15 जुलाई को राजस्थान के सभी निजी विद्यालय.. <<     NEWS : राजस्थान समान नागरिक संहिता विधेयक-2026 पर.. <<     BIG NEWS : नीमच शहर का स्कीम नं. 34 और अज्ञात बदमाश, जब.. <<     BIG REPORT : नीमच जिले में थमा मानसून का दौर, पिछले.. <<     KHABAR : मंदसौर में निजी पैथोलॉजी लैब सेंटरों का.. <<     KHABAR : नीमच में पालक संघ सौंपेगा ज्ञापन,.. <<     KHABAR : नीमच शहर में 14 जुलाई को पेयजल सप्लाई रहेगी.. <<     KHABAR : बोरी कांड पर उबाल, थाने के बाहर जनसैलाब,.. <<     MANDI BHAV : एक क्लिक में पढ़े कृषि उपज मंडी मनासा के.. <<     BIG NEWS : मंदसौर जिले में सूखे जैसे हालात, फसल नहीं.. <<     शिवपुरी में दुकानों के ताले तोड़कर चोरी करने.. <<     BIG REPORT : नीमच कलेक्टर हिमांशु चंद्रा के तेवर.. <<     NEWS : चित्तौड़गढ़ में गो सम्मान आह्वान अभियान की.. <<    
वॉइस ऑफ़ एमपी न्यूज़ चैनल में विज्ञापन के लिए..
December 4, 2024, 2:29 pm
KHABAR : राइस मिलर्स ने आपूर्ति निगम के एमडी को सौंपी चाबियां, धान खरीदी के लिए नहीं देंगे वारदाना, सरकार से एक हजार करोड़ का पेमेंट अटकने से हैं नाराज, पढे़ खबर 

Share On:-

भोपाल। 2 दिसंबर से एमपी में धान खरीदी शुरू होते ही प्रदेश भर के धान मिलर्स हड़ताल कर रहे हैं। धान मिलर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष अशोक अग्रवाल का कहना है कि धान मिलिंग करने के बाद एफसीआई और नागरिक आपूर्ति निगम में चावल जमा किए जाने के एवज में अपग्रेडेशन राशि दी जाती है। लेकिन, पिछले साल की राशि अब तक नहीं मिली है। हम लोग मंत्री से लेकर अधिकारियों तक यह परेशानी बता चुके हैं। अब हम अपनी-अपनी मिलों की चाबी लेकर भोपाल आए हैं।


आज भोपाल में राइस मिलर्स नागरिक आपूर्ति निगम के दफ्तर पहुंचे और निगम के एमडी पीएन यादव को अपनी मिलों की चाबियां सौंपी। इस दौरान मिल मालिकों ने नारेबाजी भी की। राइस मिलर्स सीएम से मिलने पर अडे़ हुए हैं। बता दें, मंगलवार को भोपाल के गुजराती समाज भवन में प्रदेश भर के धान मिलर्स ने बैठक कर रैली निकाली।


800 करोड़ रुपए शासन से मिलर्स को नहीं मिला
मध्यप्रदेश चावल उद्योग महासंघ के अध्यक्ष आशीष अग्रवाल ने बताया कि धान की मिलिंग में होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए जब तक राज्य सरकार आश्वासन नहीं देती है, तब तक कोई भी मिलर्स मध्यप्रदेश में खरीदी जाने वाली धान की मिलिंग नहीं करेगा। हमने पिछले दो साल में जो धान मिलिंग का काम किया है, उसका कुल मिलाकर करीब 1 हजार करोड़ रुपए शासन से मिलर्स को नहीं मिला है।


अग्रवाल कहना है कि दो दिसंबर से प्रदेश में धान का उपार्जन शुरू हो गया है। राज्य सरकार चाहती है कि पंद्रह जून तक कस्टम मिलिंग का काम पूरा कर अधिक से अधिक धान समितियों से सीधे मिलर्स को मिलिंग के लिए दे दी जाएं, लेकिन मिलर्स की समस्याओं के निराकरण के बिना धान की कस्टम मिलिंग चालू हो पाना संभव नहीं है।

VOICE OF MP
एडिटर की चुनी हुई ख़बरें आपके लिए
SUBSCRIBE