बड़वानी। आज यानी मंगलवार से एमपी बोर्ड के फाइनल एग्जाम शुरू हो गए हैं। एग्जाम में 2-3 मिनट देरी से पहुंचे छात्रों को परीक्षा केंद्र में एंट्री नहीं मिली, जिसके बाद छात्रों ने हंगामा कर दिया तो कुछ रुआंसे होकर लौट गए। बड़वानी और सतना में छात्र विनती करते रहे, लेकिन उन्हें अंदर नहीं जाने दिया गया।
बड़वानी : 8 छात्रों को गेट पर रोका
बड़वानी के शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय क्रमांक 1 में हिंदी का पेपर देने पहुंचे 8 छात्रों को गेट पर रोक लिया गया। सुबह 9 बजे से शुरू होने वाली परीक्षा के लिए निर्धारित समय पर केंद्र का गेट बंद कर दिया गया था। कुछ छात्रों का कहना है कि वे समय पर पहुंचे थे, लेकिन प्रवेश समय से पहले ही गेट बंद कर दिया गया।
बच्चे और उनके पेरेंट्स परीक्षा में बैठने देने की गुहार लगाते रहे, लेकिन नियमों को देखते हुए उन्हें एंट्री नहीं दी गई। एक छात्र ने आक्रोश में केंद्राध्यक्ष की नौकरी खाने की धमकी तक दे दी। जिले में कुल 58 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनमें 7 अतिसंवेदनशील केंद्र हैं। 9502 छात्रों ने 12वीं का पहला पेपर दिया।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के छात्रों ने परीक्षा केंद्र के बाहर रोड पर बैठकर चक्काजाम भी कर दिया। करीब 15 मिनट बाद खरगोन-बड़वानी सांसद गजेंद्र सिंह पटेल मौके पर पहुंचे और छात्रों को आश्वासन दिया। छात्र संगठन ने नायब तहसीलदार को ज्ञापन सौंपकर धरना बंद कर दिया। एबीवीपी सदस्यों ने कहा कि छात्रों का साल बर्बाद हुआ तो हम उग्र आंदोलन करेंगे, जिसकी जवाबदारी शासन प्रशासन की होगी।
छात्र यशराज ने बताया, मैं समय से 2 मिनट पहले परीक्षा केंद्र पहुंच गया था, लेकिन मुझे अंदर नहीं जाने दिया गया। केंद्र अध्यक्ष ने अभद्र व्यवहार किया। मेरे साथ 8 छात्रों के साथ यही व्यवहार किया।
छात्रा अंबिका यादव ने बताया, मैं फिक्स टाइम पर एग्जाम सेंटर पहुंच गई थी। जैसे पहुंची सुरक्षाकर्मियों ने गेट बंद कर दिया। केंद्राध्यक्ष ने कहा कि 5-10 मिनट पहले आना चाहिए। हमने रिक्वेस्ट की, लेकिन अंदर नहीं जाने दिया गया।
सतना: 8.30 बजे बंद किया गेट
सतना के व्यंकट क्रमांक 2 पर 50 छात्रों को एग्जाम सेंटर के गेट पर रोक लिया गया। मंडल के नियमों के अनुसार रिपोर्टिंग का समय सुबह 8: 30 बजे था। कई छात्र 8: 55 बजे पहुंचे। सेंटर का मेन गेट पहले ही बंद किया जा चुका था। छात्र काफी देर तक गेट पर खड़े होकर अंदर जाने के लिए गुहार लगाते रहे। बता दें कि जिले में कुल 91 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनमें 29,112 छात्र परीक्षा दे रहे हैं।